विमानन कंपनी इंडिगो विमान ईंधन की बढ़ती कीमतों को देखते हुए घरेलू और अंतरराष्ट्रीय उड़ानों के लिए फ्यूल सरचार्ज बढ़ाने जा रही है। यह बढ़ोतरी 6 अक्टूबर से लागू होगी और इसके चलते हवाई किराया भी बढ़ेगा। एयरलाइन ने बयान में कहा कि घरेलू उड़ानों के लिए दूरी के आधार पर फ्यूल सरचार्ज में 100 से 350 रुपये तक की बढ़ोतरी की जा रही है। अंतरराष्ट्रीय उड़ानों के लिए भी फ्यूल सरचार्ज बढ़ाया गया है।
यह अप्रैल के बाद दूसरा मौका है, जब इंडिगो ने फ्यूल सरचार्ज में बढ़ोतरी की है। यह सरचार्ज इस साल मार्च से लगाना शुरू किया गया था। बयान के अनुसार, 500 किलोमीटर तक की दूरी वाली उड़ानों के लिए फ्यूल सरचार्ज 375 रुपये और 501 से 1,000 किलोमीटर की दूरी वाली उड़ानों के लिए 600 रुपये होगा। वहीं 1,001 से 1,500 किलोमीटर की दूरी वाली उड़ानों के लिए यह सरचार्ज 900 रुपये, 1,501 से 2,000 किलोमीटर की दूरी वाली उड़ानों के लिए 1,150 रुपये और 2,000 किलोमीटर से अधिक दूरी वाली उड़ानों के लिए 1,300 रुपये होगा।
दक्षिण एशियाई क्षेत्रीय सहयोग संगठन (SAARC क्षेत्र) के लिए उड़ानों पर फ्यूल सरचार्ज 1,000 रुपये से लेकर 3,000 रुपये तक, अफ्रीका के लिए उड़ानों पर 6,000 रुपये और यूरोप की उड़ानों पर 10,000 रुपये होगा। दक्षिण-पूर्व एशिया, खाड़ी सहयोग परिषद (जीसीसी) और पश्चिम एशिया व उत्तर एवं पूर्वी एशिया के लिए उड़ानों पर फ्यूल सरचार्ज 5,500 रुपये होगा।
इंडिगो ने कहा कि हाल के महीनों में एविएशन टर्बाइन फ्यूल (ATF) की कीमतों में उतार-चढ़ाव रहा है, खासकर पश्चिम एशिया में भू-राजनीतिक तनाव बढ़ने के बाद। ईंधन की कीमतों में लगातार बढ़ोतरी हुई है और हाल में मासिक आधार पर वृद्धि 14 प्रतिशत से अधिक रही है। इससे ATF की लागत 10 साल के हाई पर पहुंच गई है।
बयान में कहा गया कि विमान ईंधन, एयरलाइन कंपनियों की ऑपरेटिंग कॉस्ट में एक बड़ा हिस्सा रखता है। इसलिए ATF की कीमतों में बढ़ोतरी से इंडिगो समेत सभी एयरलाइंस के कॉस्ट स्ट्रक्चर और नेटवर्क इकोनॉमिक्स प्रभावित होने की आशंका है। मौजूदा स्थिति को देखते हुए इंडिगो ने अपनी घरेलू और अंतरराष्ट्रीय उड़ानों पर फ्यूल सरचार्ज में मामूली बदलाव किया है।
जरूरत के अनुसार उचित बदलाव करती रहेगी इंडिगो
एयरलाइन ने कहा कि ईंधन लागत में हुई बढ़ोतरी की पूरी भरपाई के लिए फ्यूल सरचार्ज में काफी अधिक वृद्धि करनी पड़ती, लेकिन ग्राहकों पर असर कम करने के लिए इस सरचार्ज में सीमित और अपेक्षाकृत मामूली बढ़ोतरी की गई है। यह फैसला ऑपरेटिंग कॉस्ट में लगातार बढ़ोतरी और बाजार के बदलते माहौल को देखते हुए किया गया है। कंपनी ने यह भी कहा कि वह स्थिति पर लगातार नजर रखेगी और जरूरत के अनुसार उचित बदलाव करती रहेगी।