गोल्ड की कीमतों में वैश्विक संकेतों के अनुसार बुधवार को कुछ तेजी रही। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर गोल्ड जून फ्यूचर्स शुरुआती कारोबार में 0.17 प्रतिशत चढ़कर 48,388 रुपये प्रति 10 ग्राम पर था। हालांकि, डोमेस्टिक मार्केट में सिल्वर की कीमत लगभग फ्लैट थी। सिल्वर का जुलाई फ्यूचर्स प्राइस 0.27 प्रतिशत गिरकर लगभग 73,000 रुपये प्रति किलोग्राम का था।
इंटरनेशनल मार्केट में गोल्ड के प्राइसेज लगभग चार महीने के हाई पर पहुंच गए। इसके पीछे डॉलर का कमजोर होना एक बड़ा कारण है। स्पॉट गोल्ड ने पिछले ट्रेडिंग सेशन में 1,874.80 डॉलर प्रति औंस का 29 जनवरी के बाद हाई लेवल छुआ था। बुधवार को यह 1,866.54 डॉलर प्रति औंस पर था। US गोल्ड फ्यूचर्स 1,868 डॉलर प्रति औंस की कीमत पर मजबूत बना हुआ था।
डॉलर इंडेक्स अपनी राइवल करेंसीज की तुलना में लगभग तीन महीने के लो लेवल पर है। इससे अन्य करेंसी होल्डर्स के लिए गोल्ड खरीदना कम महंगा हुआ है।
गंगानगर कमोडिटिज लिमिटेड के AVP, अमित खरे ने कहा, "गोल्ड मार्केट में दोबारा तेजी दिख रही है और कीमतें 1,850 डॉलर और 200-डे मूविंग एवरेज से ऊपर हैं। क्रिप्टोकरेंसीज में गिरावट आने का फायदा गोल्ड को मिल सकता है।"
उन्होंने बताया, "पिछले कुछ महीनों से बिटकॉइन के प्राइसेज में तेजी आने से गोल्ड का आकर्षण कुछ कम हुआ था क्योंकि निवेशक सुरक्षित एसेट्स को खोजने के साथ ही इन्फ्लेशन बढ़ने की आशंका से हेजिंग कर रहे थे। हालांकि, अब स्थिति बदल रही है और बिटकॉइन की कीमतें पिछले महीने के अभी तक के हाई से लगभग 34 पर्सेंट नीचे आ चुकी हैं।"