भारत में चल रहे विधानसभा चुनावों के बाद पेट्रोल और डीजल की कीमतों में भारी बढ़ोतरी हो सकती है। कच्चे तेल की ऊंची कीमतों के कारण रिफाइनरों पर दबाव बढ़ रहा है। इसके कारण फ्यूल की कीमतों में ₹25–₹28 प्रति लीटर तक की बढ़ोतरी हो सकती है। ऐसा संकेत घरेलू ब्रोकरेज फर्म कोटक इंस्टीट्यूशनल इक्विटीज ने दिया है। कच्चे तेल की कीमतों में भारी उछाल के कारण भारत का आयात बिल काफी बढ़ गया है। इस साल मार्च और अप्रैल में भारत की ओर से कच्चे तेल के आयात की मात्रा में 13–15% की गिरावट देखी गई। इसके बावजूद कच्चे तेल के आयात बिल में अनुमानित तौर पर प्रतिदिन 19–21 करोड़ डॉलर की बढ़ोतरी हुई है।
