IDBI Bank में स्टेक खरीदने की रेस में फेयरफैक्स इंडिया होल्डिंग सबसे आगे

कई महीनों की देरी के बाद IDBI बैंक में स्टेक सेल की प्रक्रिया अगले चरण में पहुंच सकती है। सूत्रों ने बताया कि रिजर्व बैंक (RBI) ने इसके लिए जरूरी मंजूरी दी है। सूत्रों के मुताबिक, IDBI Bank के लिए तीन बिडर्स में से एक फेयरफैक्स इंडिया होल्डिंग्स ने रिजर्व बैंक की मुश्किल शर्तों को पूरा कर लिया है और इस तरह मामला अगले चरण में पहुंच गया है

अपडेटेड Jul 31, 2024 पर 9:48 PM
सूत्रों का कहना है कि फेयरफैक्स ने बैंक में 60.7 पर्सेंट हिस्सेदारी के अधिग्रहण के लिए कैश डील का ऑफर दिया है।

कई महीनों की देरी के बाद IDBI बैंक में स्टेक सेल की प्रक्रिया अगले चरण में पहुंच सकती है। सूत्रों ने बताया कि रिजर्व बैंक (RBI) ने इसके लिए जरूरी मंजूरी दी है। सूत्रों के मुताबिक, IDBI Bank के लिए तीन बिडर्स में से एक फेयरफैक्स इंडिया होल्डिंग्स ने रिजर्व बैंक की मुश्किल शर्तों को पूरा कर लिया है और इस तरह मामला अगले चरण में पहुंच गया है। मीडिया रिपोर्ट्स में जिन बाकी दो बिडर्स का जिक्र किया जा रहा है, उनके बारे में चीजें अभी स्पष्ट नहीं हैं। फेयरफैक्स का मालिकाना हक भारतीय मूल के कनाडाई उद्यमी प्रेम वत्स के पास है।

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, फेयरफैक्स इंडिया होल्डिंग्स (Fairfax India Holdings), NBD एमिरेट्स और कोटक महिंद्रा बैंक (Kotak Mahindra Bank) ने IDBI Bank में कंट्रोलिंग स्टेक खरीदने में दिलचस्पी दिखाई थी। कुछ सूत्रों का कहना है कि कोटक बैंक अब इस रेस में नहीं है। हालांकि, स्वतंत्र तौर पर इसकी पुष्टि नहीं हो पाई है। इस सिलसिले में रिजर्व बैंक और फेयरफैक्स को भेजी गई ईमेल का कोई जवाब नहीं मिला।

डील का प्रारूप

खबर है कि CSB बैंक की प्रमोटर फेयरफैक्स ने सरकार को लिखित में IDBI Bank के वजूद को पहले की तरह बनाए रखने को लेकर आश्वासन दिया है। कनाडाई इनवेस्टर द्वारा इस वादे की वजह से यह इस डील की रेस में आगे नजर आ रही है। इस डील से जुड़े ट्रांजैक्शन को सही-सही ढांचा को लेकर तस्वीर अभी साफ नहीं है, लेकिन सूत्रों का कहना है कि फेयरफैक्स ने बैंक में 60.7 पर्सेंट हिस्सेदारी के अधिग्रहण के लिए कैश डील का ऑफर दिया है। इसमें सरकार और लाइफ इंश्योरेंस कॉरपोरेशन, दोनों की हिस्सेदारी शामिल है।


एंप्लॉयीज की सुरक्षा

सूत्रों का यह भी कहना था कि फेयरफैक्स ने सरकार से यह भी वादा किया है कि अधिग्रहण के कम से कम 3 साल बाद तक IDBI बैंक की मौजूदा मैनेजमेंट टीम और स्टाफ को उनकी मौजूदा स्थिति में बनाए रखा जाएगा और कम से कम तीन साल के लिए उनके पैकेज और भत्तों पर भी कोई असर नहीं होगा। मामले से वाकिफ एक सूत्र ने बताया, ' इस बारे में एंप्लॉयीज को भी जानकारी दे दी गई है।'

हिंदी में शेयर बाजार स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।