भारत के विदेश मंत्रालय ने भी अब इस बात की पुष्टि कर दी है कि टीम इंडिया अगले साल होने वाले चैंपियंस ट्रॉफी के लिए पाकिस्तान का दौरा नहीं करेगी। इसको लेकर विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने शुक्रवार (29 नवंबर) को बयान जारी किया है, जिसमें BCCI के एक बयान का हवाला दिया गया है, जिसमें बोर्ड ने कहा है कि वहां सुरक्षा संबंधी चिंताएं हैं और इसलिए इसकी संभावना नहीं है कि टीम वहां जाएगी।
भारतीय क्रिकेट बोर्ड बीसीसीआई ने पहले ही इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल (ICC) को यह सूचित कर दिया था कि टीम इंडिया पाकिस्तान की यात्रा नहीं करेगी। इसके लिए बोर्ड ने आईसीसी को हाईब्रिड मोड में मैच करवाने का सुझाव दिया है। वहीं PTI के मुताबिक गुरुवार को अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट परिषद की वर्चुअल बैठक हुई। बैठक का कोई निश्चित नतीजा नहीं निकल सका और इसे शनिवार तक के लिए स्थगित कर दिया गया।
हाइब्रिड मॉडल से इनकार कर रहा है पाकिस्तान
पाकिस्तान को चैंपियंस ट्रॉफी की मेजबानी मिलने के बाद भारत ने सुरक्षा कारणों का हवाला देकर वहां जाने से मना कर दिया था, जिसके बाद माना जा रहा था कि एशिया कप की तरह चैंपियंस ट्रॉफी हाइब्रिड मोड में खेली जाएगी। जहां UAE में लीग मैच कराए जाते हैं और उसके बाद पाकिस्तान में नॉकआउट मैच आयोजित होते, लेकिन पाकिस्तान इससे इनकार कर रहा है।
PCB अध्यक्ष मोहसिन नकवी का कहना है कि हम अभी भी अपने रुख में स्पष्ट हैं कि हम भारत में क्रिकेट खेलें, और वे यहां क्रिकेट न खेलें। जो भी होगा, समानता के आधार पर होगा। हमने ICC को स्पष्ट रूप से बता दिया है और आगे इस मुद्दे पर जो भी फैसले लिए जाएंगे, वह ICC के साथ साझा किया जाएगा।
पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (PCB) ने पहले भारत के सभी मैच लाहौर में कराने और मैच के बाद खिलाड़ियों को भारत भेजने का प्रस्ताव रखा था। भारत ने इसे नहीं माना तो PCB ने हाइब्रिड मॉडल के लिए भी मना कर दिया।
चैंपियंस ट्रॉफी के लिए पाकिस्तान के पास हैं दो विकल्प
इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक, ICC पाकिस्तान के सामने मैच के लिए दो विकल्प रख सकता है। पहला विकल्प यह होगा कि भारत के तीन ग्रुप स्टेज मैच, एक सेमीफाइनल और फाइनल किसी दूसरे देश में खेला जाए। जबकि दूसरा विकल्प यह है कि अगर भारतीय क्रिकेट टीम नॉकआउट के लिए क्वालिफाई नहीं करती है, तो सेमीफाइनल और फाइनल दोनों पाकिस्तान में खेले जाएं।
चैंपियंस ट्रॉफी 19 फरवरी से 9 मार्च तक खेली जाएगी। अगर इसमें देरी होती है, तो फिर IPL शुरू हो जाएंगे। जो भारत के साथ दूसरे देश के खिलाड़ियों के लिए भी सही नहीं होगा।