भारत में तेजी से बढ़ते और बेकाबू होते हुए कोरोना संक्रमण के मामलों के बीच पूरी दुनिया से भारत को इस संकट की घड़ी में सहायता करने के लिए तमाम राष्ट्रों और संगठनों से मदद का हाथ बढ़ाया गया है। इसी कड़ी में अमेरिका स्थित डॉक्टरों का एक भारतीय-अमेरिकी समूह कोरोना वायरस से संक्रमित लोगों की जान बचाने के लिए भारत में 5,000 ऑक्सीजन कॉन्सेन्ट्रेटर्स भेज रहा है। फेडरेशन ऑफ इंडियन फिजिशियंस एसोसिएशन (FIPA) ने शुक्रवार को कहा कि 5,000 ऑक्सीजन कॉन्सेन्ट्रेटर्स खरीद लिए गए हैं।
FIPA ने बताया है कि उनकी ओर से देश के विभिन्न राज्यों के लिए ऑक्सीजन कंसंट्रेटर भेजे जा रहे हैं। इनमें से 450 ऑक्सीजन कंसंट्रेटर पहले ही अहमदाबाद पहुंच गए हैं और 325 दिल्ली भेजे जा रहे हैं जबकि 300 ऑक्सीजन कॉन्सेन्ट्रेटर्स मुंबई भेजे जा रहे हैं।
FIPA के अध्यक्ष डॉ. राज भयानी ने कहा कि ये ऑक्सीजन कॉन्सेन्ट्रेटर्स स्थानीय भारतीय पार्टनर्स, अस्पतालों, अस्थायी क्वारंटाइन केंद्रों, नव निर्मित अस्थायी अस्पतालों और परमार्थ संगठनों को भेजे जाने हैं ताकि भारत में दूर-दराज के क्षेत्रों में स्थानीय पार्टनर को आवश्यकता पड़ने पर कोविड-19 मरीजों को ऑक्सीजन उपलब्ध कराने के लिए इनका उपयोगकिया जा सके।
डॉ. राज भयानी ने कहा कि करीब 3,500 और ऑक्सीजन कॉन्सेन्ट्रेटर्स भेजे जाने हैं। एफआईपीए ने इन ऑक्सीजन कंसंट्रेटर को फौरन भेजे जाने में मदद के लिए भारतीय दूतावास और भारत के उड्डयन मंत्रालय से बात की है और इसके लिए इंतजाम किया है।
भारत के ग्रामीण इलाकों में काम करने वाले सहगल फाउंडेशन ने एक अलग बयान में कहा कि वह भारत को 200 ऑक्सीजन कॉन्सेन्ट्रेटर्स भेज रहा है। भारतीय-अमेरिकी वंदना कर्ण ने ग्रामीण बिहार में लोगों की जान बचाने के लिए शनिवार को निधि जुटाने के लिए एक अभियान शुरू की जिसमें कुछ ही घंटों में 8,000 डॉलर से अधिक धनराशि जमा कर ली गई।