भारतीय सेना (Indian Army) का एक हेलीकॉप्टर क्रैश (Helicopter Crash) होने की खबर सामने आ रही है। न्यूज एजेंसी ANI ने सेना के सूत्रों के हवाले से बताया कि भारतीय सेना का चीता हेलीकॉप्टर (Cheetah helicopter) अरुणाचल प्रदेश के मंडला पहाड़ी इलाके के पास दुर्घटनाग्रस्त हो गया है। इस हादसे में दोनों पायलटों की मौत हो गई है।
सैन्य अधिकारियों ने बताया कि भारतीय सेना का चीता हेलीकॉप्टर आज अरुणाचल प्रदेश के मंडला पहाड़ी इलाके के पास दुर्घटनाग्रस्त हो गया था। हादसे में विमान में सवार दोनों पायलटों की मृत्यु हो गई है।
ANI के मुताबिक, डिफेंस गुवाहाटी के PRO, लेफ्टिनेंट कर्नल महेंद्र रावत ने बताया कि अरुणाचल प्रदेश के बोमडिला के पास एक ऑपरेशनल सॉर्टी के दौरान आर्मी एविएशन चीता हेलीकॉप्टर का आज सुबह करीब 09:15 बजे ATC से संपर्क टूटने की जानकारी मिली थी। अब उस हेलीकॉप्टर के बोमडिला के पश्चिम में मंडला के पास दुर्घटनाग्रस्त होने की खबर है। सर्च पार्टियां घटनास्थल पर भेज दी गई थीं।
अरुणाचल प्रदेश पुलिस ने कहा, "सेना के एक हेलिकॉप्टर का बीच रास्ते में संपर्क टूट गया और सेंगे गांव से मिसामारी के रास्ते में उसका पता नहीं चल सका। दोपहर करीब 12.30 बजे बंगजालेप, दिरांग थाने के ग्रामीणों ने बताया कि दुर्घटनाग्रस्त हेलिकॉप्टर मिला है।"
उन्होंने कहा, "दो पायलट सवार थे। सेना, SSB और पुलिस के खोज और बचाव दल पहले ही मौके के लिए रवाना हो चुके हैं। अभी तक, कोई तस्वीर मौजूद नहीं है, क्योंकि क्षेत्र में कोई सिग्नल नहीं है। आज मौसम बेहद कोहरा है और विजिबिलिटी 5 मीटर है।"
सूत्रों के मुताबिक, चीता पांच सीटों वाला हेलीकॉप्टर है और ऊंचाई पर उड़ने का विश्व रिकॉर्ड बना चुका है।
सेना के हेलिकॉप्टर की इमरजेंसी लैंडिंग
कुछ दिन पहले 12 मार्च को जोधपुर के लोहावत इलाके में 20 वायुसैनिकों के साथ सेना के एक हेलीकॉप्टर को कुछ तकनीकी खराबी के कारण इमरजेंसी लैंडिंग करनी पड़ी थी। हेलीकॉप्टर ने जोधपुर एयरबेस से फलोदी एयरबेस के लिए उड़ान भरी थी।
एक तकनीकी टीम ने गड़बड़ी को ठीक किया और हेलिकॉप्टर अपने गंतव्य के लिए करीब एक घंटे की देरी के बाद उड़ान भरने में सफल रहा।
लोहावत थाने के सर्किल इंस्पेक्टर बद्री प्रसाद के मुताबिक, भारतीय वायुसेना के दो MI-17 हेलीकॉप्टरों ने रविवार दोपहर जोधपुर वायुसेना स्टेशन से फलोदी वायुसेना स्टेशन के लिए उड़ान भरी थी।