Delhi Air Pollution: दिल्ली की जहरीली हवा में अब घुटने लगा दम, AQI ‘खराब’ कैटेगरी में दर्ज, अभी और बढ़ेगा प्रदूषण
Delhi Air Pollution: अगले कुछ हफ्तों तक दिल्ली की हवा में और अधिक जहर घुल सकता है। एक्सपर्ट्स का मानना है कि धीमी हवा और पंजाब-हरियाणा में पराली जलाने की घटनाएं बढ़ने से स्थिति बद से बदतर हो सकती है
Delhi Air Pollution: दिवाली के बाद नोएडा और गुरुग्राम सहित पूरे दिल्ली-NCR में लोगों का दम घुट रहा है
Delhi Air Pollution: राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली की आबोहवा दिन-प्रतिदिन खराब होती जा रही है। दिवाली के बाद से ही दिल्ली-एनसीआर की हवा जहरीली हो गई है। प्रदूषण के कारण लोगों का दम घुटने लगा है। रिपोर्ट के अनुसार, अगले कुछ हफ्तों तक हवा में और अधिक जहर घुल सकता है। पंजाब-हरियाणा जैसे पड़ोसी राज्यों में पराली जलाने के मामले में और अधिक इजाफा होगा।
एक्सपर्ट्स का मानना है कि धीमी हवा और पराली जलाने की घटनाएं बढ़ने से स्थिति बद से बदतर हो सकती है। इसका सीधा असर दिल्ली-एनसीआर की हवा पर पड़ेगा। दिवाली के बाद राजधानी के अलावा नोएडा और गुरुग्राम सहित पूरे दिल्ली-NCR में लोगों का दम घुट रहा है।
AQI ‘खराब’ कैटेगरी में दर्ज
इस बीच, दिल्ली में एयर क्वालिटी में मंगलवार सुबह थोड़ा सुधार आया। राजधानी में मंगलवार सुबह एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) ‘खराब’ कैटेगरी में रहा। राष्ट्रीय राजधानी में न्यूनतम तापमान सामन्य से एक डिग्री सेल्सियस नीचे 15.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के आंकड़ों के अनुसार, शहर का AQI सुबह करीब सवा 9 बजे 266 दर्ज किया गया।
दिल्ली का समग्र एयर क्वालिटी इंडेक्स सोमवार रात 8 बजे 361 था। शून्य और 50 के बीच AQI को ‘अच्छा’, 51 और 100 को ‘संतोषजनक’, 101 और 200 को ‘मध्यम’, 201 और 300 को ‘खराब’, 301 और 400 को ‘बहुत खराब’, तथा 401 और 500 को ‘गंभीर’ कैटेगरी में माना जाता है।
तापमान में 1 डिग्री की गिरावट
दिल्ली में न्यूनतम तापमान मंगलवार को 15.2 डिग्री सेल्सियस रहा, जो इस मौसम के औसत तापमान में एक डिग्री कम है। दिल्ली में सोमवार को न्यूनतम तापमान सामान्य से एक डिग्री कम 15.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि अधिकतम तापमान 31.1 डिग्री सेल्सियस रहा। मौसम विभाग ने दिन में आसमान मुख्य रूप से साफ रहने का अनुमान जताया है। अधिकतम तापमान 32 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने की संभावना है।
GRAP का तीसरा चरण लागू
दिल्ली में बढ़ते प्रदूषण के चलते ग्रेडेड रिस्पॉन्स एक्शन प्लान (GRAP) का तीसरा चरण राजधानी में लागू कर दिया गया है। प्रदूषण का स्तर बिगड़ने के कारण केंद्र की एयर क्वालिटी समिति ने GRAP के तीसरे चरण के तहत दिल्ली-एनसीआर में निर्माण एवं विध्वंस गतिविधियों पर रोक तथा अन्य पाबंदियां लगाने का निर्देश दिया है। केवल आवश्यक परियोजनाओं को ही छूट दी जाएगी। इसके साथ ही कई और पाबंदियां लग गई हैं।
प्रदूषण से बुजुर्ग सबसे ज्यादा प्रभावित
कई परिवारों ने प्रदूषण के कारण सांस लेने में दिक्कत होने की शिकायत की है। एक सर्वेक्षण के अनुसार, दिल्ली-NCR में रह रहे 10 में से 7 परिवारों ने बताया कि उनके परिवार के कई सदस्यों ने शिकायत की है कि प्रदूषण के कारण वह ठीक से सांस नहीं ले पा रहे हैं। वायु प्रदूषण के कारण, लगभग 27 प्रतिशत लोग अगले तीन सप्ताह के दौरान दिल्ली-एनसीआर से बाहर जाने की योजना बना रहे हैं। अधिकांश परिवार प्रदूषण से निपटने के लिए मास्क पर भी निर्भर हैं।
एक्सपर्ट के मुताबिक पंजाब, हरियाणा और उत्तर प्रदेश जैसे राज्यों में पराली जलाना दिल्ली-एनसीआर में प्रदूषण और जहरीली हवा के मुख्य कारण हैं। इसके अलावा वाहन प्रदूषण और दिवाली के दौरान जलाए गए पटाखों के कारण प्रदूषण में बढ़ोतरी दर्ज की गई है।
LocalCircles ने प्रदूषण को लेकर एक सर्वेक्षण किया है जिसे दिल्ली, नोएडा, गाजियाबाद, गुरुग्राम और फरीदाबाद के 26,000 से अधिक लोगों ने अपनी राय दी है। सर्वे में हिस्सा लेने वालों में 65 प्रतिशत पुरुष थे, जबकि 35 फीसदी महिलाएं थीं।
प्रदूषण से 70% लोग प्रभावित
सर्वे के अनुसार, दिल्ली-NCR में खराब एयर क्वालिटी के कारण 70 प्रतिशत लोग या उनके परिवार के सदस्यों को पहले से ही कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। यह पूछे जाने पर कि दिल्ली-एनसीआर में खराब AQI के कारण उनके परिवार में से कौन-कौन वर्तमान में परेशान है?
इस पर 70 फीसदी लोगों ने कहा कि उनके परिवार के एक या इससे अधिक सदस्य या वे खुद प्रदूषण के कारण स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं महसूस कर रहे हैं। केवल 30 प्रतिशत ने कहा कि वे दिल्ली एनसीआर में खराब हवा के कारण किसी भी स्वास्थ्य समस्या का सामना नहीं कर रहे हैं।