नागरिक उड्डयन राज्य मंत्री वी के सिंह (Minister of State for Civil Aviation V K Singh) ने सोमवार को कहा कि एयर इंडिया पर इस साल सितंबर तक भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण (Airports Authority of India (AAI) का 2,350 करोड़ रुपये बकाया है। जबकि स्पाइसजेट पर हवाईअड्डा प्रबंधन प्राधिकरण (airports management authority) का 185 करोड़ रुपये बकाया है
राज्यसभा में एक प्रश्न के लिखित उत्तर में सिंह ने कहा, "कुछ एयरलाइंस अपना बकाया चुकाने में असफल रहे हैं।"
मिंट में छपी खबर के मुताबिक मंत्री ने कहा कि सितंबर 2021 तक एयर इंडिया (Air India), एलायंस एयर (Alliance Air), स्पाइसजेट (SpiceJet) और गो एयर (Go Air) (जिसे अब Go First कहा जाता है) का बकाया क्रमश: ₹2,350 करोड़, ₹109 करोड़, ₹185 करोड़ और ₹56 करोड़ रहा।
उन्होंने बताया कि AAI अपनी क्रेडिट पॉलिसी के अनुसार बकाया की वसूली के लिए एयरलाइंस के साथ नियमित रूप से फॉलो अप करता है।
उन्होंने कहा कि दंडात्मक ब्याज वसूलना, जमानत राशि को भुनाना और कानूनी कार्रवाई करना जैसे अन्य विकल्प AAI के पास बकाया की वसूली के लिए उपलब्ध थे।
AAI के पास देश भर में करीब 125 हवाईअड्डे हैं। एयरलाइंस को नियमित रूप से अपने हवाई अड्डों से विमान ऑपरेट करने के लिए AAI को लैंडिंग शुल्क और पार्किंग शुल्क जैसे विभिन्न शुल्कों का भुगतान करना पड़ता है।