Kota Student Suicide Case: राजस्थान के कोटा में लगातार हो रहे कोचिंग छात्रों की खुदकुशी को रोकने के लिए जिला प्रशासन ने आदेश जारी कर सभी हॉस्टल और पीजी में स्प्रिंग वाले पंखे लगाने के निर्देश दिए है। यह पंखे स्प्रिंग के जरिए फिट किए जाते है, जिससे की इन पर वजन पड़ते ही यह नीचे आ जाते है। साथ ही इसमें अलार्म सिस्टम होता है जिससे की अलार्म बज जाता है। कोटा जिला प्रशासन ने शहर के सभी हॉस्टलों और पेइंग गेस्ट (PG) को सभी कमरों में स्प्रिंग-लोडेड सीलिंग पंखे लगाने के निर्देश दिए हैं। कोटा में आत्महत्या के मामलों पर अंकुश लगाने की कोशिश के तहत यह कदम उठाया गया है।
एक अधिकारी ने बताया कि कोटा में लगातार हो रहे स्टूडेंट सुसाइड के मामलों को लेकर अब सभी हॉस्टल्स और पीजी यानि पेइंग गेस्ट आवासों में स्प्रिंग-लोडेड पंखे लगाए जा रहें हैं। आपको बात दें कि देश के सबसे बड़े कोचिंग हब माने जाने वाले कोटा में एक के बाद खुदकुशी के मामले सामने आ रहे हैं। ताजा मामलों में 15 अगस्त 2023 की रात को भी एक कोचिंग स्टूडेंट ने खुदकुशी कर ली। रिपोर्ट के मुताबिक, इस तरह से पिछले आठ महीने में कोटा में अब तक सुसाइड करने वालों की संख्या 21 हो गई है। सिर्फ अगस्त में 4 छात्रों ने जान दी है।
कोटा में हॉस्टल एसोसिएशन के अध्यक्ष नवीन मित्तल ने स्टूडेंट्स में बढ़ते आत्महत्या के मामले और इसे कम करने के लिए प्रशासन द्वारा उठाए गए कदमों पर बात की। उन्होंने कहा कि छात्रों के आत्महत्या के मामलों को कम करने के लिए कोटा के सभी हॉस्टल और पेइंग गेस्ट में स्प्रिंग-लोडेड पंखे लगाए जा रहे हैं। इस तकनीकी की खासियत यह है कि जब कोई पंखे से लटक कर फांसी लगाने का प्रयास करेगा तो उस दौरान पंखा नीचे की तरफ लटक जाएगा। इससे उसकी मौत नहीं होगी।
आपको बता दें कि सपनों का शहर कहे जाने वाले राजस्थान के कोटा में देशभर में लाखों बच्चे कोचिंग करने पहुंचते हैं। लेकिन यहां छात्रों की खुदकुशी के भी लगातार मामले सामने आते रहते हैं। कोटा में कोचिंग स्टूडेंट्स के बढ़ते खुदकुशी के मामलों ने अभिभावकों और सरकार दोनों की चिंता बढ़ा दी है।