1991 में पीवी नरसिम्हा राव ने 21 जून को देश के 10वें प्रधानमंत्री के रूप में शपथ ली थी। इसके ठीक एक दिन बाद राव ने देश को टेलिविजन पर संबोधित किया था। अपने स्थिर अंदाज में नरसिम्हा राव ने देश के लोगों से कहा-अर्थव्यवस्था संकट में है। भुगतान संतुलन की हालत बहुत खराब है। हमारे पास बर्बाद करने के लिए वक्त नहीं है। कोई भी सरल विकल्प नहीं है। हमें अपनी कमर कस लेनी चाहिए और अपनी आर्थिक आजादी को बचाए रखने के लिए जरूरी बलिदान देने के लिए तैयार हो जाएं।
