Today News Highlights: राजनीतिक गलियारे में आज की सबसे बड़ी खबर ये है कि झारखंड के नए मुख्यमंत्री चंपई सोरेन की अगुवाई वाली महागठबंधन सरकार ने विधानसभा में फ्लोर टेस्ट पास कर लिया। वहीं, प्रधानमंत्री मोदी ने आगामी लोकसभा चुनाव के बाद तीसरी बार उनकी सरकार बनने का विश्वास जताते हुए सोमवार को कहा कि देश के मिजाज को देखकर लगता है कि आम चुनाव में भारतीय जनता पार्टी (BJP) को 370 सीटें और NDA को 400 से अधिक सीटें मिलेंगी
Today News Highlights: मुख्यमंत्री चंपई सोरेन (Champai Soren) की सरकार झारखंड विधानसभा (Jharkhand Assembly) में विश्वास प्रस्ताव (Confidence Motion) जीत लिया है। फ्लोर टेस्ट के दौरान चंपई सोरेन के पक्ष में 47 वोट पड़े, जबकि विश्वास मत के विरोध में 29 वोट डाले गए। इससे पहले विधानसभा में मुख्यमंत्री ने विश्वास प्रस्ताव पेश किया। संब
Today News Highlights: मुख्यमंत्री चंपई सोरेन (Champai Soren) की सरकार झारखंड विधानसभा (Jharkhand Assembly) में विश्वास प्रस्ताव (Confidence Motion) जीत लिया है। फ्लोर टेस्ट के दौरान चंपई सोरेन के पक्ष में 47 वोट पड़े, जबकि विश्वास मत के विरोध में 29 वोट डाले गए। इससे पहले विधानसभा में मुख्यमंत्री ने विश्वास प्रस्ताव पेश किया। संबोधन के बाद इस पर वोटिंग हुई। विधानसभा के अंदर पूर्व मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन (Hemant Soren) भी मौजूद हैं।
राज्य की 81 सदस्यीय विधानसभा में 47 विधायकों ने प्रस्ताव के पक्ष में वोट दिया जबकि 29 विधायकों ने इसके खिलाफ मतदान किया। निर्दलीय विधायक सरयू रॉय ने मतदान प्रक्रिया में हिस्सा नहीं लिया। विधानसभा में मतदान के दौरान 77 विधायक उपस्थित रहे। JMM, कांग्रेस और राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के सत्तारूढ़ गठबंधन को भारत की कम्युनिस्ट पार्टी मार्क्सवादी-लेनिनवादी (लिबरेशन) के इकलौते विधायक ने बाहर से समर्थन दिया।
भारतीय जनता पार्टी (BJP) की अगुवाई वाली विपक्षी गठबंधन में बीजेपी के 26 और ऑल झारखंड स्टूडेंट्स यूनियन (आजसू) पार्टी के तीन विधायक हैं। प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने जमीन घोटाले से जुड़े एक मामले में पिछले सप्ताह हेमंत सोरेन को गिरफ्तार किया था। इसके बाद JMM के विधायक दल के नेता चंपई सोरेन ने दो फरवरी को झारखंड के मुख्यमंत्री पद की शपथ ली थी।
चंपई सोरेन को सदन में अपनी सरकार का बहुमत साबित करने के लिए 10 दिन का वक्त दिया गया। उन्होंने फैसला किया था कि वह पांच फरवरी को विश्वास मत हासिल करेंगे। हेमंत सोरेन अभी ED की हिरासत में हैं। उन्हें PMLA अदालत ने विश्वास मत में हिस्सा लेने की अनुमति दी थी।
सत्तारूढ़ गठबंधन के करीब 38 विधायक विश्वास मत के मद्देनजर BJP द्वारा खरीद-फरोख्त की आशंका के बीच दो फरवरी को दो प्लेन से कांग्रेस शासित तेलंगाना की राजधानी हैदराबाद ले जाए गए थे। वे विश्वास मत से पहले रविवार शाम को रांची लौटे थे।
हेमंत सोरेन की BJP को चुनौती
झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने सोमवार को भारतीय जनता पार्टी (BJP) को उनके खिलाफ भ्रष्टाचार के आरोप साबित करने की चुनौती देते हुए कहा कि अगर आरोप साबित हो गए तो वह राजनीति छोड़ देंगे। विधानसभा में झारखंड के नए मुख्यमंत्री चंपई सोरेन द्वारा पेश किए विश्वास प्रस्ताव में भाग लेते हुए झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) के कार्यकारी अध्यक्ष ने यह भी आरोप लगाया कि केंद्र द्वारा साजिश रचे जाने के बाद राजभवन ने उनकी गिरफ्तारी में अहम भूमिका निभाई। बता दें कि प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने जमीन घोटाले से जुड़े एक मामले में पिछले सप्ताह हेमंत सोरेन को गिरफ्तार किया था।
इसके बाद JMM के विधायक दल के नेता चंपई सोरेन ने 2 फरवरी को झारखंड के मुख्यमंत्री पद की शपथ ली थी। हेमंत सोरेन ने कहा, "मैं BJP को मेरे खिलाफ भ्रष्टाचार के आरोप साबित करने की चुनौती देता हूं। अगर आरोप साबित हुए तो मैं राजनीति छोड़ दूंगा।" सोरेन अभी ED की हिरासत में हैं। उन्हें विशेष PMLA अदालत ने विश्वास मत में हिस्सा लेने की अनुमति दी थी।
हेमंत सोरेन ने कहा, "31 जनवरी का दिन भारत के इतिहास में एक काला अध्याय है। राजभवन के आदेश पर एक मुख्यमंत्री को गिरफ्तार कर लिया गया...BJP झारखंड में किसी आदिवासी मुख्यमंत्री को 5 साल का कार्यकाल पूरा करते नहीं देखना चाहती। उन्होंने अपनी सरकारों में ऐसा नहीं होने दिया।" BJP के गैर आदिवासी नेता रघुवर दास के अलावा उसके या JMM के 10 अन्य पूर्व मुख्यमंत्रियों में से कोई भी राज्य में पांच साल का कार्यकाल पूरा नहीं कर पाया है। इस राज्य का गठन साल 2000 में हुआ था।