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Prabhakaran: तमिल नेता का चौंकाने वाला दावा, कहा- 'LTTE प्रमुख वेलुपिल्लई प्रभाकरन जिंदा हैं, वह जल्द सामने आएंगे'

Prabhakaran: पाझा नेदुमारन ने कहा, "मैं LTTE प्रमुख वेलुपिल्लई प्रभाकरन के बारे में कुछ सच बताना चाहूंगा। वह जीवित हैं और स्वस्थ हैं। हमें विश्वास है कि इससे उनके लिए उत्पन्न हो रहे अफवाहों पर विराम लगेगा।" उन्होंने आगे कहा कि वह (प्रभाकरन) जल्द ही तमिल जाति की मुक्ति के लिए एक योजना की घोषणा करने वाले हैं। दुनिया के सभी तमिल लोगों को मिलकर उनका समर्थन करना चाहिए

MoneyControl Newsअपडेटेड Feb 13, 2023 पर 3:31 PM
Prabhakaran: तमिल नेता का चौंकाने वाला दावा, कहा- 'LTTE प्रमुख वेलुपिल्लई प्रभाकरन जिंदा हैं, वह जल्द सामने आएंगे'
Prabhakaran: प्रभाकरन को करीब 14 साल पहले श्रीलंका सरकार ने मृत घोषित कर दिया था

LTTE Supremo Prabhakaran is Alive: लिबरेशन टाइगर्स ऑफ तमिल ईलम (LTTE) के चीफ वेलुपिल्लई प्रभाकरन (Velupillai Prabakaran) जिंदा है। जी हां, तमिलनाडु के पूर्व कांग्रेसी नेता और वर्ल्ड तमिल फेडरेशन के अध्यक्ष पाझा नेदुमारन (Pazha Nedumaran) ने सोमवार को यह चौंकाने वाला दावा किया। नेदुमारन ने न्यूज एजेंसी ANI से कहा कि प्रभाकरन न सिर्फ जिंदा हैं बल्कि स्वस्थ भी हैं। हमें भरोसा कि इससे उनकी मौत की अफवाहों पर विराम लगेगा और वे जल्द ही दुनिया के सामने आएंगे। बता दें कि श्रीलंकाई सेना ने 2009 में एक सैन्य अभियान चलाया था, जिसमें प्रभाकरण के मारे जाने की बात कही गई थी।

पाझा नेदुमारन ने कहा, "मैं LTTE प्रमुख वेलुपिल्लई प्रभाकरन के बारे में कुछ सच बताना चाहूंगा। वह जीवित हैं और स्वस्थ हैं। हमें विश्वास है कि इससे उनके लिए उत्पन्न हो रहे अफवाहों पर विराम लगेगा।" उन्होंने आगे कहा कि आपको बता दें कि वह (प्रभाकरन) जल्द ही तमिल जाति की मुक्ति के लिए एक योजना की घोषणा करने वाले हैं। दुनिया के सभी तमिल लोगों को मिलकर उनका समर्थन करना चाहिए।

प्रभाकरन को करीब 14 साल पहले श्रीलंका सरकार ने मृत घोषित कर दिया था। उसके बाद श्रीलंका के जाफना में लिट्टे और वहां की सेना के बीच संघर्ष खत्म होने का ऐलान भी किया गया था। नेदुमारन ने कहा कि महिंदा राजपक्षे के खिलाफ सिंहली विरोध और अंतरराष्ट्रीय स्थिति के संदर्भ में लिट्टे नेता के लिए खुलकर सामने आने का समय आ गया है। दुनिया भर के तमिल ईलम और तमिलों के लोगों से प्रभाकरन को अपना समर्थन देने का आह्वान करते हुए उन्होंने कहा कि लिट्टे नेता तमिलों की बेहतरी के लिए एक नए प्लान का जल्द ही घोषणा करेंगे।

उन्होंने कहा कि लिट्टे ने भारत का विरोध करने वाले देशों को कभी भी अपनी जमीन पर पैर नहीं रखने दिया और न ही इन देशों से उसका कोई संबंध रहा। नेदुमारन ने भारत सरकार से आग्रह किया कि वह चीन को द्वीप राष्ट्र में अपनी उपस्थिति को मजबूत करने से रोकने के लिए आवश्यक कदम उठाए।

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