पश्चिम बंगाल (West Bengal) के हावड़ा स्टेशन (Howrah station) पर शुक्रवार को नई वंदे भारत एक्सप्रेस (Vande Bharat Express) के उद्घाटन के मंच पर उस समय काफी हाई वॉल्टेज ड्रामा देखने को मिला, जब मुख्यमंत्री ममता बनर्जी (Mamata Banerjee) ने मंच पर बैठने से इनकार कर दिया। ऐसा इसलिए क्योंकि मौके पर मौजूद भीड़ में बीजेपी समर्थकों के एक वर्ग ने नारेबाजी की जिससे ममता बनर्जी काफी नाराज हो गईं। इस कार्यक्रम में न्यू जलपाईगुड़ी के लिए वंदे भारत एक्सप्रेस को हरी झंडी दिखाई जानी थी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) ने शुक्रवार को डिजिटल माध्यम से ट्रेन को हरी झंडी दिखाई।
इस दौरान रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव और राज्यपाल सी. वी. आनंद बोस ने ममता बनर्जी को शांत करने की काफी कोशिश की, लेकिन वे नहीं मानीं। मुख्यमंत्री मंच के सामने एक कुर्सी पर बैठ गईं।
News18 के मुताबिक, वंदे भारत एक्सप्रेस के उद्घाटन के लिए पहुंचने के बाद भीड़ में कुछ लोगों की तरफ से लगाए गए 'जय श्री राम' के नारों से पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री काफी नाराज दिखीं। समारोह में बीजेपी मंत्री सुभाष सरकार और केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव मौजूद थे और उन्होंने समर्थकों से जोरदार नारेबाजी बंद करने को कहा।
बनर्जी ने बाद में दर्शकों में अपनी सीट से अपना संबोधन दिया और मंच पर नहीं चढ़ीं। अपने भाषण में, उन्होंने प्रधान मंत्री मोदी की मां की मौत पर शोक जताया और पश्चिम बंगाल के लोगों को यह मौका देने के लिए उन्हें धन्यवाद दिया।
मुख्यमंत्री ने कहा, "प्रधानमंत्री जी आज आपके लिए बहुत दुखद दिन है। मैं भगवान से प्रार्थना करूंगी की आपको यह दुख सहन करने की क्षमता दे। मैं आपसे अनुरोध करूंगी कि आप इस कार्यक्रम को छोटा रखें, क्योंकि आप अभी अपनी मां के अंतिम संस्कार से आए हैं।" उन्होंने ये भी कहा, "आपकी मां हमारी भी मां हैं।"
7 घंटे 45 मिनट में तय करेगी 564 किलोमीटर की दूरी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को कई अलग-अलग विकास परियोजनाओं का उद्घाटन किया। PTI के मुताबिक, वंदे भारत ट्रेन को हरी झंडी दिखाए जाने के मौके पर अपनी साथियों के साथ ट्रेन के डिब्बे से सफर कर रही एक छात्रा ने कहा कि यह ट्रेन “एक विमान जैसी लगती है।”
एक अधिकारी ने कहा कि हावड़ा-न्यू जलपाईगुड़ी का उद्घाटन परीक्षण अनिल कुमार कर रहे हैं, जो लगभग 32 सालों से ट्रेनें चला रहे हैं। वह राजधानी और शताब्दी एक्सप्रेस चला चुके हैं।
रेलवे अधिकारी ने कहा कि वरिष्ठ सहायक लोको पायलट कमलेश कुमार उनकी सहायता करते हैं, जो छह साल से नौकरी कर रहे हैं। हफ्ते में छह दिन हावड़ा-न्यू जलपाईगुड़ी वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन चलाने के लिए चालक दल के पांच समूहों को गाजियाबाद में ट्रेनिंग दी गई है।
जलपाईगुड़ी के सांसद जयंत रॉय ने कहा कि सेमी-हाई स्पीड वंदे भारत सेवा शुरू होने के साथ बंगाल में कनेक्टिविटी में एक नए युग की शुरुआत हो गई है। बीजेपी सांसद ने PTI से कहा, “यह राज्य के लिए एक बड़ी छलांग है और इससे उत्तर बंगाल में पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा।”
उन्होंने कहा कि एनजेपी स्टेशन को विश्वस्तरीय स्टेशन के रूप में विकसित करने से उत्तर बंगाल में कनेक्टिविटी भी बढ़ेगी, जहां हिमालय के नजारे देखने को मिलते हैं और जंगल व चाय बागानों की भरमार है।
यह देश में चलने वाली सातवीं वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन है।
अधिकारियों ने कहा कि नीले-सफेद रंग की यह ट्रेन 7 घंटे 45 मिनट में 564 किमी की दूरी तय करेगी। इससे इस मार्ग पर अन्य ट्रेनों की तुलना में यात्रा के समय में तीन घंटे की बचत होगी। इसके तीन स्टेशन बारसोई, मालदा और बोलपुर होंगे। अत्याधुनिक ट्रेन में 16 डिब्बे हैं।