Power subsidy in Delhi: दिल्ली की बिजली कंपनियों ने उपभोक्ताओं को उनके अलग-अलग बिलिंग साइकिल को देखते हुए सब्सिडी के वितरण पर अरविंद केजरीवाल की अगुवाई वाली आम आदमी पार्टी (AAP) सरकार से स्पष्टीकरण मांगा है। सूत्रों ने न्यूज एजेंसी पीटीआई को यह जानकारी दी।
आपको बता दें कि मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने इस महीने की शुरुआत में कहा था कि सब्सिडी केवल उन्हीं उपभोक्ताओं को दी जाएगी जो इसकी मांग करेंगे। सीएम ने कहा कि 31 अक्टूबर तक सब्सिडी के लिए अप्लाई करने वाले उपभोक्ताओं को ही अक्टूबर माह की सब्सिडी दी जाएगी।
उन्होंने कहा कि लोग सब्सिडी के लिए हर महीने अप्लाई कर सकते हैं। हालांकि, सूत्रों ने कहा कि डिस्कॉम महीने के हिसाब से बिलिंग साइकिल का पालन नहीं करती हैं।सूत्रों ने कहा कि बिजली की खपत की बिलिंग एक नया कनेक्शन सक्रिय होने की तारीख से शुरू होती है।
इसलिए यह उपभोक्ताओं के लिए अलग है। जैसे कि उदाहरण के तौर पर अगर कोई उपभोक्ता महीने की 25 तारीख से कनेक्शन लेने के बाद बिजली की खपत शुरू करता है, तो उसका बिल अगले महीने की 25 तारीख तक का होगा।
केजरीवाल ने कहा था कि जो उपभोक्ता सब्सिडी के लिए अप्लाई नहीं करेंगे उन्हें बिजली बिल में छूट नहीं मिलेगा। हालांकि, अगर वे इसके लिए दोबारा अप्लाई करते हैं तो उन्हें यह छूट मिलना शुरू हो जाएगा। आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक, दिल्ली में 58 लाख बिजली कनेक्शन हैं और इनमें से करीब 47 लाख को सब्सिडी मिलती है।
अधिकारियों ने बताया कि अब तक 22 लाख से अधिक घरेलू उपभोक्ताओं ने सब्सिडी के लिए अप्लाई किया है। सब्सिडी अप्लाई करने की प्रक्रिया 14 सितंबर से शुरू हुई थी। केजरीवाल सरकार की योजना के तहत 200 यूनिट यूज करने वाले घरेलू बिजली उपभोक्ताओं को 100 फीसदी सब्सिडी मिलती है। जिनकी मासिक खपत 201 यूनिट से 400 यूनिट तक है, उन्हें 50 फीसदी सब्सिडी मिलती है।