दिल्ली मेट्रो के एलिवेटेड कारिडोर पर सिग्नल चोरी की घटनाओं में इजाफा हुआ है। इससे राष्ट्रीय राजधानी की लाइफलाइन कही जाने वाली दिल्ली मेट्रो (Delhi Metro) की ब्लू लाइन (Blue Line) की रफ्तार में सुस्ती आई है। इस लाइन में ट्रेनें धीमी चल रही है। आज (5 दिसंबर 2024) पूरा दिन यही हाल रहने वाला है। ऐसे में यात्रियों को कई तरह की कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। चोरों ने ब्लू लाइन में कीर्ति नगर और मोती नगर के बीच केबल तार उड़ा दी है। इस बीच DMRC यात्रियों के लिए एडवाइजरी जारी कर दी है।
बता दें कि लाइन, द्वारका सेक्टर 21 को नोएडा सिटी सेंटर और वैशाली से जोड़ती है। इस लाइन पर रोजाना बड़ी संख्या में लोग सफर करते हैं। DMRC ने यात्रियों से अपनी यात्रा की योजना पहले से बनाने की अपील की है। DMRC को उम्मीद है कि कल (6 दिसंबर 2204) सुबह तक सेवाएं पूरी तरह से बहाल हो सकती है। DMRC ने असुविधा के लिए खेद प्रकट किया है।
रात में जब दिल्ली मेट्रो की सेवाएं बंद हो गई। तभी चोरों ने केबल तार उड़ा दिए। केबल की चोरी की यह घटना द्वारका से वैशाली/नोएडा लाइन पर कीर्ति नगर और मोती नगर के बीच हुई। स्टेशनों के उलट ट्रैक क्षेत्र सीसीटीवी कवरेज में नहीं था। वहीं जिस क्षेत्र से केबल चोरी हुई, वह औद्योगिक क्षेत्र से सटा हुआ है। ऐसे में अंधेरा होने के कारण स्टेशन के सीसीटीवी में भी ज्यादा कुछ कैद नहीं हुआ है। इसके चलते पूरे दिन ब्लू लाइन पर ट्रेनों की रफ्तार बिल्कुल सुस्त है। इससे पहले अगस्त महीने में भी ऐसी ही घटना सामने आई थी। तब रेड लाइन पर केबल चोरी की घटना हुई थी। उस वक्त झिलमिल से मानसरोवर पार्क के बीच मेट्रो कॉरिडोरपर सिग्नल का केबल चोरी हुआ था। इस वजह से दिलशाद गार्डन से शहादरा तक का रूट प्रभावित रहा था।
मेट्रो की सेवा बंद होने पर नाराज यात्रियों ने डीएमआरसी पर सवाल उठाए हैं। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर यूजर्स का कहना है कि DMRC के स्टाफ और अधिकारियों को इतनी सैलरी क्यों दी जाती है, क्यों ट्रैवलर्स को ही दिक्कत का सामना करना पड़ता है। साथ ही सोशल मीडिया पर एक यूजर ने लिखा डीएमआरसी फ्यूचर सेफ नहीं है।