New Year 2023: दुनियाभर में कोरोनावायरस का खतरा एक बार फिर मंडराने लगा है। चीन और अन्य कई देशों में कोरोना वायरस के नए मामलों में तेजी आई है। भारत के केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मंडाविया ने भी कहा कि इन देशों से आने वाले यात्रियों के लिए RT-PCR जांच अनिवार्य कर दी गई है। यदि यात्री पॉजिटिव पाए गए तो उन्हें क्वारंटीन कर दिया जाएगा। देश में कोरोना वायरस के प्रसार को रोकने के लिए जरूरी कदम उठाए गए हैं। शनिवार को हवाईअड्डों पर आने वाले अंतरराष्ट्रीय यात्रियों का कोरोनावायरस टेस्ट शुरू किया गया है।
एयरपोर्ट पर शुरू हुई टेस्टिंग
घरेलू एयरपोर्ट पर भी कुछ यात्रियों का टेस्ट किया जा रहा है। अधिकारियों ने कहा कि दिल्ली, मुंबई, हैदराबाद, बेंगलुरु, चेन्नई, अहमदाबाद, पुणे, इंदौर और गोवा सहित कई हवाईअड्डों पर यात्रियों का कोविड टेस्ट शुर किया गया है। यहां आपको उन देशों के नाम बता रहे हैं जहां आपको नए साल के सेलिब्रेशन के लिए जाने से पहले सोचना होगा। नए कोविड-19 के डर के बीच अगर हो सके इन देशों में यात्रा करने से बचना चाहिए।
सरकार के टॉप हेल्थ अथॉरिटी के मुताबिक चीन में लगभग 37 मिलियन लोग इस सप्ताह एक ही दिन में कोविड-19 से संक्रमित पाए गए हैं। ये इस साल में सबसे बड़ा आउटब्रेक है।
जापान में नवंबर महीने में आने वाले यात्रियों की संख्या लगभग 1 मिलियन तक पहुंच गई थी। कोरोना वायरस के लगभग खत्म होने के बाद पहली बार जापान में इतनी संख्या में यात्री आए हैं। जापान में इस हफ्ते बुधवार को 2,06,943 नए मामले दर्ज किए। स्वास्थ्य अधिकारियों ने कहा कि यह पहली बार हुआ है कि 25 अगस्त के बाद से एक दिन की टैली में डेटा 2,00,000 का आंकड़ा पार कर गया है।
अमेरिका टूरिस्टों के बीच सबसे अधिक फेमस डेस्टिनेशन हैं। खासकर नए साल की छुट्टियों में लाखों की संख्या में लोग अमेरिका घूमने के लिए जाते हैं। अमेरिकी विदेश मंत्री एंटनी ब्लिंकेन ने चीन से कोविड के बढ़ते मामले और हालातों की जानकारी शेयर करने के लिए कहा है। उन्होंने कहा कि कोविड के बढ़ते मामलों ने पूरी दुनिया पर असर डाला है। उन्होंने अमेरिकी वैक्सीन भी ऑफर की है।
दक्षिण कोरिया ने शुक्रवार को 68,168 नए कोविड मामलों की सूचना दी है। इसमें से 95 मामले विदेशों से आए थे। नए मामलों के बाद कुल मामलों की संख्या 2,85,34,558 हो गई है। शुक्रवार की गिनती एक सप्ताह पहले से लगभग 1,200 अधिक है। इसके अलावा ब्राजील, जर्मनी और फ्रांस ऐसे देश हैं जहां कोरोना का डर सबसे अधिक है।