Railways VIP Executive Lounge: हाल ही में दिल्ली का एक व्यक्ति उस समय हैरान रह गया जब उसे भारतीय रेलवे के वीआईपी एक्जीक्यूटिव लाउंज (IRCTC VIP Executive Lounge) में रायते के अंदर जिंदा कनखजूरा (Centipede) कीड़ा मिला। यात्री आर्यनश ने जिंदा सेंटीपीड की तस्वीर जब सोशल मीडिया पर शेयर की तो वह जंगल में आग की तरफ फैल गई। यह घटना भारतीय इंडियन रेलवे कैटरिंग एंड टूरिज्म कॉर्पोरेशन (IRCTC) के वीआईपी एक्जीक्यूटिव लाउंज में हुई। यात्री ने "बेहतर" भोजन की गुणवत्ता के बारे में व्यंग्यात्मक टिप्पणी करते हुए कहा कि अब रेलवे वाले अधिक प्रोटीन वाला रायता परोस रहे हैं।
आर्यनश सिंह ने अपनी नाराजगी व्यक्त करने और खाद्य सुरक्षा मुद्दे को उजागर करने के लिए सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X का सहारा लिया। भारतीय रेलवे में बेहतर खाद्य गुणवत्ता के दावों को खारिज करते हुए सिंह ने अपने रायते में तैरते सेंटीपीड की तस्वीर शेयर की। उन्होंने तंज कसते हुए, "हां, निश्चित रूप से, भारतीय रेलवे के भोजन की गुणवत्ता में सुधार हुआ है, अब वे अधिक प्रोटीन वाला रायता परोस रहे हैं।" सिंह ने यह भी कहा कि IRCTC VIP एग्जीक्यूटिव लाउंज में होने वाली घटना नियमित ट्रेनों और पेंट्री कारों में खाद्य गुणवत्ता मानकों के बारे में चिंताजनक सवाल उठाती है।
उन्होंने कहा, ''यह घटना आईआरसीटीसी के वीआईपी एक्जीक्यूटिव लाउंज में हुई। इसलिए आप सामान्य ट्रेनों या पेंट्री कारों की गुणवत्ता की कल्पना कर सकते हैं।'' यात्री ने यह भी बताया कि कैसे सेंटीपीड मिलने के बाद उन्होंने साथी यात्रियों को दूषित भोजन के बारे में चेतावनी दी थी। हालांकि, उन्हें आश्चर्य हुआ कि कई लोगों ने उनकी चेतावनी को नजरअंदाज कर दिया, जिससे खाद्य सुरक्षा के प्रति चिंता की कमी उजागर हुई।
यात्री के ट्वीट वायरल होने के बाद IRCTC ने पोस्ट पर प्रतिक्रिया दी और घटना की जांच करने का वादा किया। आईआरसीटीसी के आधिकारिक X अकाउंट ने लिखा, "सर, असुविधा के लिए खेद है। कृपया तत्काल कार्रवाई के लिए रसीद/बुकिंग डिटेल्स, स्टेशन का नाम और मोबाइल नंबर शेयर करें।"
तस्वीर ने लोगों में आक्रोश पैदा कर दिया। इंटरनेट यूजर्स ने भारतीय रेलवे में भोजन की गुणवत्ता और स्वच्छता मानकों में सुधार की मांग की। कई लोगों ने सिंह से औपचारिक शिकायत दर्ज करने का भी आग्रह किया। एक यूजर ने लिखा, ''कोई आश्चर्य नहीं कि माता-पिता हमेशा अपना खाना खुद लेकर आते हैं और कभी भी पेंट्री से कुछ नहीं खाते।''
एक अन्य ने टिप्पणी की, ''मुख्य मुद्दा यात्रियों की स्वच्छता है! भोजन का कचरा फर्श पर छोड़ दिया जाता है! इसे फिर पानी की धार से धोया जाता है! भोजन कीचड़ बन जाता है और दरारों में जमा हो जाता है! यह सभी प्रकार के कीटों को आकर्षित करता है! इनमें से कुछ सेवा के लिए तैयार किए जा रहे भोजन में भी पहुंच जाते हैं।''
तीसरे यूजर ने लिखा, ''हे भगवान, यह तो बहुत ही खराब है। लोगों को अपना खाना खाते समय बहुत सावधान रहने की जरूरत है, नहीं तो इससे गंभीर स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं हो सकती हैं। परोसने वाले पक्ष से अपेक्षा करने से पहले उपभोक्ताओं (हमें) सावधान रहना चाहिए और जागरूक होना चाहिए।''