Traffic Challan: अगर आप बाइक, कार या कोई अन्य वाहन चलाते हैं तो ट्रैफिक नियमों का पालन करना बेहद जरूरी है। नियमों के उल्लंघन पर चालान या जुर्माना भरना पड़ सकता है। जगह-जगह ट्रैफिक पुलिस के अलावा ट्रैफिक कैमरे भी लगे होते हैं। जो आप पर नजर रखते हैं। सड़क नियमों के पालन के साथ आपको कुछ जरूरी डॉक्यूमेंट्स भी रखना बेहद जरूरी है। इसमें ड्राइविंग लाइसेंस, गाड़ी की आरसी, इंश्योरेंस, पीयूसीसी जैसे कई अहम डॉक्यूमेंट्स शामिल हैं। अगर ये डॉक्यूमेंट्स नहीं हैं तो मोटा चालान कट सकता है। हर एक राज्यों का अलग-अलग चालान रेट है। लिहाजा जुर्माने से बचने के लिए इन डॉक्यूमेंट्स को रखना बहुत जरुरी है।
ड्राइविंग लाइसेंस एक ऐसा डॉक्यूमेंट्स है जो सबसे पहले मांगा जाता है। बाकी चीजें होने के बाद भी अगर आपके पास DL नहीं है, तो आपका चालान होना निश्चित है। बिना लाइसेस वाहन चलाने पर दिल्ली में 5000 रुपये का चालान कटता है। बता दें कि ऑस्ट्रेलिया, संयुक्त राज्य अमेरिका, न्यूजीलैंड, फ्रांस, यूनाइटेड किंगडम, स्विट्जरलैंड, दक्षिण अफ्रीका, स्वीडन, जर्मनी, भूटान, कनाडा और मलेशिया जैसे कई देश हैं। जहां भारत का ड्राइविंग लाइसेंस मान्य है।
वाहन चलाते समय रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट है बेहद जरूरी
जब भी ट्रैफिक पुलिस किसी वाहन को रोकती है तो ड्राइविंग लाइसेंस के साथ-साथ गाड़ी का रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट (Registration Certificate -RC) जरूर मांगा जाता है। इस सर्टिफिकेट में वाहन के मालिक का नाम, गाड़ी का नाम, इंजन की डिटेल्स, रजिस्ट्रेशन नंबर, तारीख, मॉडल नंबर जैसी तमाम जानकारी लिखी होती है। अगर आपको रोका गया और आपके पास अपना रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट नहीं है, तो 10,000 रुपये का जुर्माना लगाया जा सकता है या 6 महीने की जेल हो सकती है। अगर दोबारा ऐसा करते पकड़े गए तो आपको 15,000 रुपये का जुर्माना और/या 2 साल की जेल हो सकती है।
वाहन का PUC सार्टिफिकेट जरूरी
बढ़ते पॉल्यूशन को देखते हुए केंद्र सरकार PUC सर्टिफिकेट ज्यादा जोर दे रही है। दो पहिया हो या चार पहिया सभी के लिए PUC सार्टिफिकेट जरूरी है। इस डॉक्यूमेंट को भी वाहन चलाते समय साथ रखना जरूरी है। BS 3 या उससे कम इंजनों के लिए, ड्राइवर के पास PUC सर्टिफिकेट होना चाहिए। इसके साथ ही हर तीन महीने में इसे रिन्यू कराना जरूरी है। अगर बीएस IV या बीएस 6 वाहन हैं तो हर साल रिन्यू करना होगा। बिना PUC सर्टिफिकेट के वाहन चलाने पर 10,000 रुपये जुर्माना हो सकता है।
वाहन का इंश्योरेंस होने बहुत जरूरी है। चेकिंग के दौरान वाहन का बीमा सर्टिफिकेट भी आपसे मांगा जा सकता है। इसे न पेश करने पर लाइसेंस निरस्त किया जा सकता है। इसके साथ ही 2000 रूपये तक का चालान भी काटा जा सकता है।