अगर सब कुछ प्लान के मुताबिक रहता है, तो भारत चांद के दक्षिणी ध्रुव की पड़ताल करने वाले वाला पहला देश बन जाएगा। इस प्रोजेक्ट के दो अहम कॉम्पोनेंट में प्रॉपल्शन मॉड्यूल (Propulsion Module) और लैंडर मॉड्यूल (Lander Module) शामिल हैं। प्रॉपल्शन मॉड्यूल, लैंडर मॉड्यूल को चंद्रमा की कक्षा में ले जाएगा और पृथ्वी से जुड़ी मेट्रिक का मेजरमेंट लेगा।
