IPO निवेशकों के लिए अच्छी खबर है। मेडी असिस्ट हेल्थकेयर सर्विसेज (Medi Assist Healthcare Services) और Appejay सुरेंद्र पार्क होटल्स (Appejay Surrendra Park Hotel) के आईपीओ को मार्केट रेगुलेटर सेबी (SEBI) की मंजूरी मिल गई है। सेबी ने 7 दिसंबर को पार्क होटल्स को और इसके अगले दिन मेडी असिस्ट को ऑब्जर्वेशन लेटर जारी किया है। ऑब्जर्वेशन लेटर जारी होने के बाद कोई भी कंपनी लेटर जारी होने के एक साल के भीतर अपना आईपीओ ला सकती है।
Medi Assist Healthcare Services IPO
बेंगलुरु स्थित हेल्थ बेनिफिट एडमिनिस्ट्रेटर मेडी असिस्ट हेल्थकेयर सर्विसेज ने 25 अगस्त को सेबी में ड्राफ्ट पेपर दाखिल किए। कंपनी करीब 800-1,000 करोड़ रुपये जुटाने की तैयारी में है। इसके तहत ऑफर फॉर सेल (OFS) के जरिए 2.8 करोड़ शेयरों की बिक्री की जाएगी। इसमें फ्रेश शेयर जारी नहीं किए जाएंगे।
यह इंश्योरेंस थर्ड-पार्टी एडमिनिस्ट्रेटर (TPA) द्वारा देश का पहला आईपीओ होगा। मेडी असिस्ट पिछले तीन वित्तीय वर्षों (FY21-FY23) में रेवेन्यू के मामले में भारत के सबसे बड़े हेल्थ बेनिफिट एडमिनिस्ट्रेटर के रूप में उभरा है। एक्सिस कैपिटल, IIFL सिक्योरिटीज, नुवामा वेल्थ मैनेजमेंट और SBI कैपिटल मार्केट्स इस इश्यू के मर्चेंट बैंकर हैं।
Appejay Surrendra Park Hotels IPO
Appejay Surrendra Park Hotels आईपीओ के जरिए 1,050 करोड़ रुपये जुटाने की योजना बना रही है। कंपनी ने 19 अगस्त को कागजात दाखिल किए थे। आईपीओ में 650 करोड़ रुपये के फ्रेश इक्विटी शेयर और 400 करोड़ रुपये का OFS शामिल है।
प्रमोटर एंटिटीज Apeejay Surrendra Trust और Apeejay 376 करोड़ रुपये के शेयर बेचेंगे। ड्राफ्ट पेपर्स से पता चलता है कि शेष 24 करोड़ रुपये के शेयर RECP IV पार्क होटल इनवेस्टर्स और RECP IV पार्क होटल को-इनवेस्टर्स द्वारा बेचे जाएंगे। द पार्क ब्रांड के तहत होटल चलाने वाली कंपनी प्री-आईपीओ प्लेसमेंट में 130 करोड़ रुपये जुटाने पर विचार कर सकती है। अगर ऐसा होता है, तो नए इश्यू का आकार कम हो जाएगा।
आईपीओ से होने वाली आय में 550 करोड़ रुपये का इस्तेमाल कर्ज चुकाने के लिए किया जाएगा और शेष धनराशि का उपयोग सामान्य कॉर्पोरेट उद्देश्यों के लिए किया जाएगा। 1 जुलाई 2023 तक कंपनी की उधारी कंसोलिडेटेड आधार पर 606.6 करोड़ रुपये थी। जेएम फाइनेंशियल, एक्सिस कैपिटल और ICICI सिक्योरिटीज इस इश्यू के बुक रनिंग लीड मैनेजर हैं।