eMudhra IPO: भारत के डिजिटल सिग्नेचर सर्टिफिकेट्स मार्केट की सबसे बड़ी लाइसेंस्ड सर्टिफाइड अथॉरिटी (CA) ईमुद्रा (eMudhra) का इश्यू आज यानी 20 मई को खुल गया है। कंपनी का इश्यू 24 मई को बंद होगा। eMudhra का प्राइस बैंड 243 से 256 रुपये तय किया गया है, जिनका फेस वैल्यू 5 रुपये होगा।
कंपनी अपने आईपीओ से कुल 413 करोड़ रुपये जुटाने की तैयारी कर रही है। इसमें से 161 करोड़ रुपये के कंपनी फ्रेश शेयर जारी करेगी, जबकि 252 करोड़ रुपये कंपनी के शेयरहोल्डरों और प्रमोटरों की तरफ से बिक्री के लिए रखे जाएंगे। IPO के बाद कंपनी में प्रमोटरों की हिस्सेदारी 18.16 फीसदी से घटकर 61.03 रुपये पर आ जाएगी।
इस इश्यू के बारे में बाजार के जानकारों का कहना है कि इस इश्यू का वैल्यूएशन बहुत ज्यादा है। लिहाजा सिर्फ वैसे ही निवेशकों को इसे सब्सक्राइब करना चाहिए जिनमें रिस्क उठाने की क्षमता होगी।
एंकर इनवेस्टर्स से जुटाए 123.84 करोड़ रुपए
इश्यू खुलने से पहले कंपनी ने 9 एंकर इनवेस्टर्स से 123.84 करोड़ रुपए जुटा लिए हैं। eMudhra 256 रुपए प्रति शेयर के हिसाब से एंकर इनवेस्टर्स को 48,37,336 शेयर जारी किए हैं। आदित्य बिड़ला सनलाइफ डिजिटल ने 2.70 लाख शेयर खरीदे हैं। आदित्य बिड़ला सन लाइफ स्मॉल कैप फंड ने भी 2.70 लाख शेयर खरीदे हैं। मोतीलाल ओसवाल डायनेमिक फंड ने 3.91 लाख शेयर खरीदे हैं। निप्पॉन इंडिया स्मॉल कैप फंड ने 5.40 लाख शेयर और SBI टेक्नोलॉजी ऑपर्च्यूनिटीज फंड ने 5.39 लाख शेयर खरीदे हैं। Baring Private Equity India AIF ने 6.05 लाख और हॉर्नबिल ऑर्किड इंडिया ने 11.44 लाख शेयर खरीदे हैं। पाइनब्रिज इंडिया इक्विटी फंड ने 5.4 लाख और एबकस ग्रोथ फंड-2 (Abakkus Growth Fund-2) ने 5.4 लाख शेयर खरीदे हैं।
डिजिटल सिग्नेचर सर्टिफिकेट जारी करने वाली देश की सबसे बड़ी लाइसेंसप्राप्त कंपनी ईमुद्रा लिमिटेड (eMudhra Limited) शुक्रवार 20 मई को अपना इनीशियल पब्लिक ऑफर (IPO) लॉन्च करेगी। इस IPO में निवेश करने से पहले निवेशकों को कुछ बातों को ध्यान में रखना चाहिए-
eMudhra ने अपने आईपीओ का आधा यानी 50 फीसदी हिस्सा क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIB) के लिए आरक्षित रखा है। वहीं 35 हिस्सा रिटेल निवेशकों, जबकि 15 फीसदी हिस्सा नॉन-इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स (NII) के लिए आरक्षित रखा जाएगा।
निवेशक लॉट के हिसाब से बोली लगा सकते हैं। एक लॉट में कंपनी के 58 शेयर होंगे। इस तरह एक लॉट की बोली लगाने के लिए निवेशकों को न्यूनतम 14,848 रुपये निवेश करने होंगे। अधिकतम 13 लॉट के लिए बोली लगाई जा सकती है।
eMudhra की स्थापना 16 जून 2008 में हुई थी और यह 3i Infotech के पूर्ण स्वामित्व वाली सब्सिडियरी है। वित्त वर्ष 2021 तक, डिजिटिल सिग्नेचर सर्टिफिकेट्स मार्केट का 37.9 हिस्से पर कंपनी का दबदबा था।
कंपनी अपनी दो तरह की सेवाएं मुहैया कराती है, जिसमें डिजिटल ट्रस्ट सर्विसेज और एंटरप्राइज सॉल्यूशंस शामिल है। यह इंडिविजुअल/ऑर्गनाइजेशन सर्टिफिकेट्स, मल्टी-फैक्टर अथेंटिकेशन, मोबाइल एप्लिकेशन सिक्योरिटी, वेबसाइट सिक्योरिटी टेस्टिंग, आईटी पॉलिसी एसेसमेंट आदि से जुड़ी सेवाएं मुहैया कराती है। अपनी स्थापना के बाद से कंपनी अभी तक 5 करोड़ से अधिक डिजिटल सिग्नेचर जारी कर चुकी है।
कंपनी की बैलेंस शीट का क्या है हाल
वित्त वर्ष 2021 में ईमुद्रा की आमदनी 13 फीसदी बढ़कर 131.59 करोड़ रुपये रही थी, जो इसके पिछले वित्त वर्ष 116.45 करोड़ रुपये था। वहीं वित्त वर्ष 2022 के पहले 9 महीनों में कंपनी की आमदनी 137.24 करोड़ रुपये रही है।
ईमुध्रा के मुनाफे में वित्त वर्ष 2019 के बाद से लगातार दोहरे अंकों में बढ़ोतरी देखी जा रही है। वित्त वर्ष 2020 में कंपनी का मुनाफा 18.4 करोड़ रुपये रहा था, जो वित्त वर्ष 2021 में 38 फीसदी बढ़कर 25.36 करोड़ रुपये पर पहुंच गया। वित्त वर्ष 2022 के पहले 9 महीनों में कंपनी का मुनाफा करीब 30.33 करोड़ रुपये रहा है।
अनलिस्टेड मार्केट के जानकारों के मुताबिक, ईमुद्रा के शेयरों का ग्रे मार्केट प्रीमियम (GMP) गुरुवार को शून्य था, यानी ये अपने ऊपरी प्राइस बैंड के भाव पर ही फ्लैट कारोबार कर रहे थे। कंपनी के शेयरों का अलॉटमेंट 27 मई को होगा। वहीं 1 जून को इसकी शेयर बाजारों में लिस्टिंग हो सकती है।