KFin Technologies IPO: फाइनेंशियल सर्विसेज प्लेटफॉर्म केफिन टेक्नोलॉजीज आगामी 19 दिसंबर को अपना इनीशियल पब्लिक ऑफर (IPO) लॉन्च करेगी। यह दिसंबर महीने में लॉन्च होने वाला चौथा IPO होगा। इससे पहले सुला वाइनयार्ड्स (Sula Vineyards), अबांस होल्डिंग्स (Abans Holdings) और लैंडमार्क कार्स (Landmark Cars) इस महीने अपना IPO लॉन्च कर रही है। KFin Technologies का आईपीओ 21 दिसंबर को बंद होगा। कंपनी अपने IPO के लिए प्राइस बैंड का ऐलान आने वाली दिनों में करेगी। एंकर निवेशकों के लिए यह इश्यू 16 दिसंबर को एक दिन के लिए खुलेगा।
KFin Tech अपने IPO से कुल 1,500 करोड़ रुपये जुटाएगी और यह पूरी तरह से ऑफर-फॉर-सेल (OFS) होगा। ऑफर-फॉर-सेल का मतलब है कि कंपनी अपने IPO के तहत कोई नए शेयर नहीं जारी करेगी, बल्कि इसके प्रमोटर और मौजूदा शेयरधारक अपने शेयरों को बिक्री के लिए रखेंगे। ऐसे में IPO से मिलने वाली रकम भी कंपनी के खाते में न जाकर, इसके प्रमोटरों और शेयरधारकों के खातों में जाएगी। OFS के तहत केफिन टेक्नोलॉजीज की प्रमोटर जनरल एटलांटिक सिंगापुर फंड (General Atlantic Singapore Fund) अपने हिस्से के शेयरों को बेचेगी।
रिटेल निवेशकों के लिए 10% हिस्सा आरक्षित
कंपनी के शेयरधारकों के बारे में
केफिन टेक्नोलॉजीज के जनरल अटलांटिक सिंगापुर फंड सहित कुल 13 शेयरहोल्डर्स है। जनरल अटलांटिक सिंगापुर फंड के पास कंपनी की 72.51 फीसदी हिस्सेदारी है। वहीं Compar Estates and Agencies के पास कंपनी की 10.86 हिस्सेदारी, जबकि कोटक महिंद्रा बैंक के पास कंपनी की 9.86 फीसदी हिस्सेदारी है।
KFin Technologies के बारे में
केफिन टेक्नोलॉजीज देश की सबसे बड़ी रजिस्ट्रार एंड ट्रांसफर एजेंट (RTA) है। कंपनी एसेट मैनेजर्स और कॉरपोरेट इश्यूअर्स को सर्विसेज मुहैया कराती है। इसके अलावा यह मलेशिया, फिलीपींस और हांगकांग में निजी रिटायरमेंट योजनाओं और म्यूचुअल फंड्स को शुरू करने और इसे प्रोसेस करने से जुड़ी सेवाएं भी मुहैया कराती है। यह भारतीय म्यूचुअल फंड्स को सर्विसेज मुहैया कराने वाली सबसे बड़ी कंपनी है। देश में 42 एसेट मैनेजमेंट कंपनी (AMC) में 25 को यह कंपनी सेवाएं देती है यानी कि इसके पास 60 फीसदी मार्केट शेयर है।
KFin Tech ने वित्त वर्ष 2022 में 148.5 करोड़ रुपये का मुनाफा दर्ज किया था, जबकि इसके पिछले वित्त वर्ष में इसे 64.5 करोड़ रुपये का घाटा हुआ था। वहीं कंपनी का रेवेन्यू इस दौरान 33 फीसदी बढ़कर 639.5 करोड़ रुपये रहा था। मौजूदा वित्त वर्ष के पहल 6 महीनों में, कंपनी का मुनाफा 26 फीसदी बढ़कर 85.34 करोड़ रुपये रहा, जबकि इसका रेवेन्यू 20 फीसदी बढ़कर 348.7 करोड़ रुपये रहा था।
डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना हेतु दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि IPO में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।