Western Carriers IPO: देश की सबसे बड़ी मल्टी-मॉडल एसेट-लाइट प्राइवेट लॉजिस्टिक्स कंपनी वेस्टर्न कैरियर्स (इंडिया) आईपीओ लाने की तैयारी कर रही है। Western Carriers (India) ने इसके लिए बाजार नियामक सिक्योरिटीज एक्सचेंज बोर्ड ऑफ इंडिया (SEBI) के पास ड्राफ्ट फाइल कर दिया है। इस इश्यू के तहत नए शेयर भी जारी होंगे और ऑफर फॉर सेल के तहत भी शेयरों के बिक्री की योजना है। इस इश्यू के तहत नए शेयरों को जारी कर कंपनी जो पैसे जुटाएगी, उसका इस्तेमाल कर्ज चुकाने और कैपिटल एक्सपेंडिचर में करने की योजना है।
Western Carriers IPO की डिटेल्स
वेस्टर्न कैरियर्स आईपीओ के तहत 500 करोड़ रुपये के नए शेयर जारी करने की योजना है। इसके अलावा ऑफर फॉर सेल विंडो के तहत कंपनी के प्रमोटर राजेंद्र सेथिया 93.3 लाख शेयरों की बिक्री कर सकते हैं। राजेंद्र सेथिया की कंपनी में 99.99 फीसदी हिस्सेदारी है। नए शेयरों को जारी कर जुटाए गए पैसों में से 200 करोड़ रुपये का इस्तेमाल कर्ज चुकाने में होगा। मार्च 2023 तक कंपनी की कुल आउटस्टैंडिंग कर्ज 260.81 करोड़ रुपये की थी। वहीं 186 करोड़ रुपये का इस्तेमाल कैपिटल एक्सपेंडिचर में होगा।
कंपनी की योजना कॉमर्शियल गाड़ी और 40 फीट का स्पेशलाइज्ड कंटेनर्स और 20 फीट का नॉर्मल शिपिंग कंटेनर्स और रीच स्टेकर्स खरीदने की है। दिसंबर 2022 तर उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक कंपनी के पास जीपीएस से लैस 400 से अधिक हैवी कॉमर्शियल गाड़ियां, 13 हल्के कॉमर्शियल गाड़ियां, 400 से अधिक शिपिंग कंटेनर और 27 रीच स्टेकर्स हैं। इस इश्यू के लिए लीड मैनेजर्स जेएम फाइनेंशियल और कोटक महिंद्रा कैपिटल हैं।
Western Carriers के बारे में डिटेल्स
वेस्टर्न कैरियर्स स्केलेबल और एसेट-लाइट बिजनेस मॉडल पर काम करती है। इससे जरिए यह 3पीएल और 4पीएल सॉल्यूशन्स मुहैया कराती है। 3पीएल के तहत यह वेयरहाउसिंग, पिकिंग और पैकिंग ऑर्डर्स और शिपिंग पैकेजेज की सर्विसेज देती है और 4पीएल के तहत यह एक कदम आगे पूरे सप्लाई चेन जैसे फुलफिलमेंटस ट्रांसपोर्टेशन और टेक्नोलॉजी को मैनेज करती है। यह सड़क, रेल और पानी; हर माध्यम से देश और देश के बाहर ट्रांसपोर्ट सर्विसेज देती है। दिसंबर 2022 तक उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक अलग-अलग सेक्टर्स में इसके 1100 से अधिक क्लाइंट्स हैं। टाटा स्टील, हिंडाल्को इंडस्ट्रीज, वेदांता, बाल्को, जेएसडब्ल्यू, एचयूएल, कोका-कोला इंडिया, टाटा कंज्यूमर प्रोडक्ट्स, सिप्ला, हल्दिया पेट्रोकेमिकल्स, एमसीपीआई, गुजरात हैवी केमिकल्स, बीसीपीएल और डीएचएल इसके क्लाइंट्स हैं।
कंपनी के वित्तीय सेहत की बात करें तो वित्त वर्ष 2022 में इसे 1,470.88 करोड़ रुपये का रेवेन्यू और 61.13 करोड़ रुपये का शुद्द मुनाफा हासिल हुआ था। वित्त वर्ष 2021 में इसे 44.53 करोड़ रुपये का शुद्ध मुनाफा हासिल हुआ था। पिछले वित्त वर्ष 2022-23 की बात करें तो अप्रैल-दिसंबर 2022 में इसे 1,206.90 करोड़ रुपये का रेवेन्यू और 55.09 करोड़ रुपये का शुद्ध मुनाफा हासिल हुआ था।