NSE IPO में शेयर नहीं बेचे, अब नारायण मूर्ति और अजीम प्रेमजी समेत चार के पास ₹26000 करोड़ की होल्डिंग
NSE IPO: देश के सबसे बड़े एक्सचेंज एनएसई का आईपीओ पूरी तरह से ऑफर फॉर सेल का है। हालांकि कई बड़े निवेशकों ने अपने शेयर नहीं बेचे और सिर्फ चार के पास ही करीब 26 हजार करोड़ की होल्डिंग बनी हुई है। वहीं कई निवेशक तो ऐसे हैं, जिन्होंने आईपीए के जरिए शेयर बेच रहे हैं, लेकिन अब भी उनके पास तगड़ी होल्डिंग बची है। डिटेल्स में पढे़ं
NSE IPO: आईपीओ के अपर प्राइस बैंड के हिसाब से एनएसई की वैल्यू ₹4.42 लाख करोड़ है।
NSE IPO: आईपीओ को 5 गुना बोली मिलने के बाद अब एनएसई के शेयरों के लिस्टिंग का काउंटडाउन शुरू हो चुका है। इस इश्यू के तहत कई दिग्गज निवेशक शेयर बेच रहे हैं तो दूसरी तरफ कई निवेशकों ने हिस्सेदारी बेचने की बजाय अपनी होल्डिंग बनाए रखी है। आईपीओ के अपर प्राइस बैंड के हिसाब से इसका सबसे अधिक फायदा पाने वालों में दो सबसे बड़ा नाम है- इंफोसिस (Infosys) के नारायण मूर्ति (Narayana Murthy) और विप्रो (Wipro) के अजीम प्रेमजी (Azim Premji)।
अजीम प्रेमजी के फैमिली ऑफिस प्रेमजी इंवेस्ट और नारायणमूर्ती के फैमिली ऑफिस केटमरन (Catamaran), राधाकिशन दमानी (Radhakishan Damani) और कुछ अन्य दिग्गज निवेशकों की एनएसई में होल्डिंग आईपीओ के अपर प्राइस बैंड ₹1785 के हिसाब से ₹29,400 करोड़ की है। आईपीओ के अपर प्राइस बैंड के हिसाब से एनएसई की वैल्यू ₹4.42 लाख करोड़ है।
एनएसई में जिनकी होल्डिंग बनी हुई है, उनमें एनएसई के आईपीओ के अपर प्राइस बैंड के हिसाब से सबसे बड़ा प्राइवेच इंवेस्टर प्रेमजी इंवेस्ट है। इससे जुड़ी होल्डिंग वेईकल पीआई अपॉर्च्यूनिटीज फंड के पास एनएसई के 5.82 करोड़ शेयर हैं, जिसकी वैल्यू प्रति शेयर ₹₹1,785 के हिसाब से ₹10,231.6 करोड़ की है।
डी मार्ट (DMart) की पैरेंट कंपनी एवेन्यू सुपरमार्ट्स (Avenue Supermarts) की पैरेंट कंपनी राधाकिशन दमानी के पास इसके 3.9 करोड़ शेयर हैं, जिसकी वैल्यू ₹6,856 करोड़ है।
कई इंवेस्टमेंट वेईकल्स के जरिए 360 वन के पास एनएशई के करीब 4 करोड़ शेयर हैं, जिसकी वैल्यू एनएसई के आईपीओ के अपर प्राइस बैंड के हिसाब से करीब ₹7,139.3 करोड़ है।
आईपीओ के अपर प्राइस बैंड के हिसाब से अपनी इंवेस्टमेंट वेईकल के जरिए टाइगर ग्लोबल के पास एनएसई के ₹999.6 करोड़ के 56 लाख शेयर हैं।
नारायणमूर्ति की इंवेस्टमेंट कंपनी केटमरन के पास ₹687 करोड़ के 38.5 लाख शेयर हैं।
और भी बड़े नाम हैं शेयरहोल्डर्स की लिस्ट में
एनएसई में हीरो एंटरप्राइजेज के चेयरमैन सुनील कांत मुंजाल की भी होल्डिंग है। उनके पास आईपीओ के अपर प्राइस बैंड के हिसाब से एनएसई के करीब ₹1821.02 करोड़ के 1.02 करोड़ शेयर हैं।
इंफोसिस के को-फाउंडर कृष्ण गोपालकृष्णन के पास इसके ₹1683 करोड़ के 94.29 लाख शेयर हैं।
एनएसई के इंडिविजुअल इंवेस्टर्स में सिद्धार्थ बालचंद्रन, वनजा सुंदर अय्यर, सिद्धार्थ अय्यर, लता भंसाली, भरत तपाड़िया, इग्नाटियस नवी नेविल नरोन्हा, डॉली खन्ना, रामदेव अग्रवाल और मोतीलाल ओसवाल जैसे बड़े नाम भी शामिल हैं।
कुछ के पास शेयर बेचने के बाद भी तगड़ी होल्डिंग
नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) के बड़े शेयरहोल्डर्स में अपनी हिस्सेदारी बनाए रखने का फैसला एक जैसा नहीं है। कई इंस्टीट्यूशनल और प्राइवेट इन्वेस्टर्स आईपीओ के जरिए अपनी हिस्सेदारी का कुछ हिस्सा बेच रहे हैं, जबकि काफी हिस्सेदारी अपने पास भी रख रहे हैं और यह ₹29400 करोड़ की होल्डिंग के अलावा है।
सिंगापुर की टेमासेक होल्डिंग्स की कंपनी एरंडा इन्वेस्टमेंट्स अपने 11.25 करोड़ शेयर में से आईपीओ के जरिए लगभग 1.12 करोड़ शेयर बेच रही है। इसके बाद उसके पास आईपीओ के अपर प्राइस बैंड के हिसाब से ₹18,064 करोड़ के लगभग 10.12 करोड़ शेयर बचे हैं।
महोगनी भी अपनी हिस्सेदारी का कुछ हिस्सा बेचने के बाद लगभग 8.93 करोड़ शेयर अपने पास रखेगी, जिनकी कीमत लगभग ₹15,940 करोड़ है।
क्राउन कैपिटल लगभग 4.55 करोड़ शेयर अपने पास रखेगी, जिनकी कीमत लगभग ₹8,122 करोड़ है, जबकि TA एशिया पैसिफिक एक्विजिशन्स लगभग 3.23 करोड़ शेयर अपने पास रखेगी, जिनकी कीमत लगभग ₹5,766 करोड़ है।
मॉर्गन स्टेनली से जुड़ी इन्वेस्टमेंट कंपनी एमएस स्ट्रैटेजिक 1.1 करोड़ शेयर बेचने के बाद लगभग 1.88 करोड़ शेयर अपने पास रखेगी, जिनकी कीमत लगभग ₹3,356 करोड़ है।
डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।