AI Stock Crash: AI और डेटा सेंटर से जुड़े शेयरों में भारी गिरावट; निवेशकों को किस बात का खौफ?

AI Stock Crash: AI और डेटा सेंटर से जुड़े भारतीय शेयरों में भारी गिरावट से निवेशकों की चिंता बढ़ी है। ग्लोबल टेक बिकवाली के बीच AI डेवलपमेंट की रफ्तार, जोखिम और भविष्य के रिटर्न को लेकर सवाल उठ रहे हैं। जानिए इस गिरावट के पीछे क्या खौफ है।

अपडेटेड Sep 15, 2026 पर 3:28 PM
  • Follow Us On Google
  • Add as a Preferred Source on Google
AI कंपनियों और उनसे जुड़े कारोबार में बड़ी उम्मीद भविष्य के रिटर्न को लेकर है।

AI Stock Crash: AI और डेटा सेंटर से जुड़े भारतीय शेयरों में मंगलवार को भारी दबाव देखने को मिला। ग्लोबल टेक शेयरों में तेज बिकवाली का असर यहां भी दिखा। निवेशक AI सेक्टर को लेकर अब थोड़ा सतर्क नजर आ रहे हैं। इसकी बड़ी वजह AI इंडस्ट्री के कुछ बड़े नामों की तरफ से एडवांस्ड सिस्टम के डेवलपमेंट की रफ्तार धीमी करने की मांग है।

Netweb Technologies का शेयर 8% से ज्यादा टूट गया। E2E Networks में 5% का लोअर सर्किट लगा। Black Box के शेयर में भी 6% से ज्यादा गिरावट दिखी। वहीं Anant Raj में 2% से ज्यादा फिसला है।

अमेरिकी टेक शेयरों में भी बिकवाली


भारतीय AI से जुड़े शेयरों में गिरावट से पहले अमेरिकी टेक शेयरों में तेज बिकवाली देखने को मिली। खासकर चिप कंपनियों पर दबाव रहा। Nvidia और Broadcom की अगुवाई में सेमीकंडक्टर इंडेक्स 5.9% टूट गया।

दूसरी ओर, Nasdaq 100 में 0.8% की गिरावट रही। यानी टेक शेयरों को लेकर ग्लोबल बाजार में पहले से ही दबाव था। इसका असर मंगलवार को भारतीय AI और डेटा सेंटर से जुड़े शेयरों पर भी नजर आया।

AI की रफ्तार धीमी करने की मांग क्यों उठी?

AI को लेकर सबसे बड़ी चिंता अब सिर्फ इसकी क्षमता को लेकर नहीं है। इसे बनाने की रफ्तार और इससे जुड़े जोखिम भी चर्चा में हैं। Anthropic के CEO Dario Amodei ने करीब 3,800 शब्दों की एक चिट्ठी लिखी है। इसमें उन्होंने सबसे एडवांस्ड AI सिस्टम के डेवलपमेंट की रफ्तार धीमी करने की मांग की है।

उनका कहना है कि AI के डेवलपमेंट को ऐसी सीमा तक नहीं पहुंचने देना चाहिए, जहां ये इंसानी काबू से बाहर हो जाए। उन्होंने इससे होने वाले गंभीर नुकसान की आशंका भी जताई है। Amodei की इस अपील को OpenAI के CEO सैम अल्टमैन और SpaceXAI के CEO एलन मस्क का समर्थन भी मिला है।

निवेशकों को AI रिटर्न में देरी की चिंता

AI कंपनियों और उनसे जुड़े कारोबार में बड़ी उम्मीद भविष्य के रिटर्न को लेकर है। निवेशकों ने इस सेक्टर में इसी उम्मीद के आधार पर काफी पैसा लगाया है। अब अगर एडवांस्ड AI सिस्टम के डेवलपमेंट की रफ्तार धीमी होती है, तो इसका असर भविष्य में मिलने वाले रिटर्न की टाइमलाइन पर पड़ सकता है। यही चिंता शेयर बाजार में भी दिखाई दे रही है।

ब्लूमबर्ग के मुताबिक, एक्सपर्ट्स का मानना है कि अगर हालिया घटनाक्रम से AI से मिलने वाले रिटर्न का समय आगे खिसकता है, तो निवेशकों का उत्साह कम होना स्वाभाविक है।

Microsoft के रिसर्चर्स ने भी जारी किया दस्तावेज

AI को लेकर Microsoft के रिसर्चर्स ने भी एक बड़ा दस्तावेज जारी किया है। यह करीब 15,000 शब्दों का है। इसमें एडवांस्ड AI मॉडल तैयार करने के लिए कुछ गाइडिंग प्रिंसिपल्स की बात की गई है।

इस दस्तावेज का मुख्य विचार है कि 'People matter more than AI.' यानी AI के विकास में इंसानों के हित को सबसे ऊपर रखा जाना चाहिए।

ट्रंप ने AI की रफ्तार धीमी करने का विरोध किया

हालांकि, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने AI डेवलपमेंट धीमा करने की मांग का विरोध किया है। उन्होंने नए गार्डरेल्स को लेकर भी अपना विरोध जताया।

ट्रंप ने AI डेटा सेंटर और एडवांस्ड AI मॉडल को लेकर बढ़ रही चिंताओं पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि इस पूरी स्थिति से सिर्फ चीन खुश है। उन्होंने यह भी कहा कि अमेरिका एआई की रेस में चीन को आगे नहीं निकलने दे सकता।

Stock Crash: एक खबर और 20% टूटा PNC Infratech का शेयर, पहुंचा 52-हफ्ते के लो पर, जानें पूरा मामला

Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

हिंदी में शेयर बाजार स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।