Get App

Asian stocks : ऑटो टैरिफ राहत ने दिया बूस्टर डोज, जापान की अगुआई में एशियाई शेयर बाजारों में दिख रही तेजी

Asian Markets : जापान में टोयोटा मोटर कॉर्पोरेशन जैसी कंपनियों के शेयरों में 1 फीसदी से अधिक की तेजी आई है। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा है कि वे ऑटो टैरिफ में विराम लगाने पर विचार कर रहे हैं। इस खबर से ऑटो शेयर जोश में हैं

MoneyControl Newsअपडेटेड Apr 15, 2025 पर 7:47 AM
Asian stocks : ऑटो टैरिफ राहत ने दिया बूस्टर डोज, जापान की अगुआई में एशियाई शेयर बाजारों में दिख रही तेजी
Asian Market : गिफ्ट निफ्टी 264.50 अंक या 1.15 फीसदी की बढ़त के साथ 23,287.00 के स्तर पर दिख रहा है। वहीं, जापान का निक्केई 354.49 अंक यानी 1.04 फीसदी की बढ़त के साथ 34,336.85 के स्तर पर कारोबार कर रहा है

एशियाई बाजारों पर नजर डालें तो जापानी शेयरों ने अच्छी बढ़त दर्ज की है। जबकि अमेरिकी शेयर वायदा में गिरावट आई है। निवेशक ट्रंप प्रशासन की ओर से टैरिफ पर मिलेजुले संकेतों पर नजरें रखे हुए हैं। जापान में टोयोटा मोटर कॉर्पोरेशन जैसी कंपनियों के शेयरों में 1 फीसदी से अधिक की तेजी आई है। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा है कि वे ऑटो टैरिफ में विराम लगाने पर विचार कर रहे हैं। इस खबर से ऑटो शेयर जोश में हैं। एसएंडपी 500 फ्यूचर्स में सेमीकंडक्टर और दवा आयात पर टैरिफ लगाने की योजना से पहले हुए नुकसान की कुछ भरपाई हुई। यूएस में बॉन्ड यील्ड में स्थिरता रही और डॉलर इंडेक्स ऊपर चढ़ा,जिससे सोमवार की गिरावट की कुछ भरपाई होती दिखी है।

निवेशकों को अभी भी ट्रेडवॉर के आर्थिक प्रभावों को समझने में परेशानी हो रही है। ट्रेड वार्ता में आगे-पीछे हो रही है। हालांकि अमेरिकी अधिकारी इस बात पर जोर दे रहे हैं कि टैरिफ रणनीति सोच-समझ कर बनाई गई है। लेकिन इसके आलोचकों का मानना ​​है कि यूएस टैरिफ एक सौदेबाजी करने वाले राष्ट्रपति की सनक से ज्यादा कुछ नहीं है।

कैपिटल डॉट कॉम के सीनियर मार्केट एनालिस्ट काइल रोडा का कहना है कि अर्थव्यवस्था को बहुत नुकसान हो रहा है और मार्केट में विश्वास का संकट बना हुआ है, जिसका अर्थ है कि जोखिम असेट क्लास में और गिरावट और वोलैटिलिटी देखने को मिल सकती है। उन्होंने आगे कहा "अमेरिका में मंदी का जोखिम अधिक बना हुआ है,अगर टैरिफ के कारण नहीं,तो चल रही नीतिगत अनिश्चितता के कारण।"

अब चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग की इस साल की पहली विदेश यात्रा पर भी सबकी नज़रें रहेंगी। वे सोमवार को वियतनाम पहुंचेंगे, साथ ही मलेशिया और कंबोडिया की यात्राएं भी करेंगे। उम्मीद है कि इस दौरान वे इन देशों के सामने अपने देश को ट्रंप के शासन वाले अमेरिका से ज़्यादा स्थिर साझेदार के तौर पर पेश करेंगे।

सब समाचार

+ और भी पढ़ें