Borosil Renewables share: बोरोसिल रिन्यूएबल्स लिमिटेड का शेयर आज 10 दिसंबर को लगातार छठे दिन हरे निशान पर ट्रेड कर रहा है। इस दौरान कंपनी के शेयरों में 33 फीसदी से अधिक की तेजी आ चुकी है। इस समय यह स्टॉक 2.65 फीसदी की बढ़त के साथ 586.95 रुपये के भाव पर कारोबार कर रहा है। आज की तेजी के साथ कंपनी का मार्केट कैप बढ़कर 7663.69 करोड़ रुपये हो गया है। स्टॉक का 52-वीक हाई 667.40 रुपये और 52-वीक लो 403.10 रुपये है।
सरकार ने आयातित ग्लास पर लगाई है एंटी-डंपिंग ड्यूटी
दरअसल, डोमेस्टिक सोलर इंडस्ट्री को सरकार के सपोर्ट के बारे में चर्चा ने इस सेक्टर के लिए सेंटीमेंट को मजबूत किया। सरकार ने आयातित ग्लास पर एंटी-डंपिंग ड्यूटी लगाई है, ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि घरेलू स्तर पर निर्मित सोलर ग्लास की कीमतें आयातित ग्लास से कम रहें। भारत सरकार द्वारा चीन और वियतनाम से सोलर ग्लास आयात पर प्रोविजनल एंटी-डंपिंग शुल्क लगाया गया है।
भारत में सोलर ग्लास के एकमात्र घरेलू उत्पादक के रूप में बोरोसिल रिन्यूएबल्स को इस पॉलिसी चेंज से काफी लाभ होने की उम्मीद है। एंटी-डंपिंग ड्यूटी से कम कीमत वाले विदेशी उत्पादों की आयात कम होने की उम्मीद है, जिससे कंपनी को बाजार हिस्सेदारी हासिल करने और लाभ मार्जिन में सुधार करने में मदद मिलेगी। इस पॉजिटिव डेवलपमेंट ने निवेशकों का भरोसा बढ़ाया है।
Borosil Renewables के चेयरमैन का बयान
बोरोसिल रिन्यूएबल्स के चेयरमैन प्रदीप कुमार खेरुका ने सीएनबीसी-टीवी18 से बातचीत में बताया कि इस कदम से घरेलू निर्माताओं को अपना सारा उत्पादन बेचने में मदद मिलेगी, जिससे उनके गोदामों में मौजूद स्टॉक को खाली करने में मदद मिलेगी।
खेरुका को उम्मीद है कि कंपनी के मार्जिन में सुधार होगा, क्योंकि कंपनी लगभग पूरी क्षमता से काम कर रही है। उन्हें उम्मीद है कि मूल्य वृद्धि लागू होने के बाद चौथी तिमाही तक बोरोसिल के स्टैंडअलोन बिजनेस के मार्जिन में 18 फीसदी से 20 फीसदी तक सुधार होगा।
डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना हेतु दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।