स्टॉक मार्केट के लोकप्रिय इनवेस्टर्स में शामिल राकेश झुनझुनवाला देश में एक नई एयरलाइन शुरू करना चाहते हैं और इसके लिए उनकी योजना चार वर्षों में 70 विमान खरीदने की है। उनका मानना है कि आने वाले वर्षों में हवाई सफर करने वालों की संख्या में बढ़ोतरी होगी। झूनझुनवाला इस एयरलाइन में 3.5 करोड़ डॉलर का इनवेस्टमेंट कर सकते हैं और उनके पास इसमें 40 प्रतिशत हिस्सेदारी होगी।
झुनझुनवाला को अगले 15 दिनों में एविएशन मिनिस्ट्री से इसके लिए नो-ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट मिलने की उम्मीद है।
इस अल्ट्रा-लो कॉस्ट एयरलाइन को Akasa Air कहा जाएगा। इसकी टीम में डेल्टा एयरलाइंस के एक पूर्व सीनियर एग्जिक्यूटिव शामिल हैं। इसके लिए ऐसे विमान खरीदे जाएंगे जिनकी कैपेसिटी 180 पैसेंजर्स की हो।
देश के एविएशन सेक्टर में किराए को लेकर कड़ी प्रतिस्पर्धा और अधिक कॉस्ट के कारण हाल के वर्षों में कुछ एयरलाइंस बंद हो चुकी हैं। इसे देखते हुए झुनझुनवाला का यह एक रिस्क वाला इनवेस्टमेंट माना जा रहा है।
दुनिया भर में एयर ट्रैवल की डिमांड कम हुई है। देश में एविएशन इंडस्ट्री के लिए मुश्किल दौर जल्द समाप्त होता नहीं दिख रहा क्योंकि कोरोना की तीसरी लहर का खतरा बरकरार है।
टाटा ग्रुप और सिंगापुर एयरलाइंस के ज्वाइंट वेंचर वाली विस्तारा एयरलाइंस की विमानों की डिलीवरी को टालने के लिए बोइंग के साथ बातचीत चल रही है। देश की सबसे बड़ी एयरलाइन इंडिगो का जून तिमाही में नुकसान अनुमान से कहीं अधिक रहा है।