आईटी और फिनटेक सेक्टर की कंपनी GACM Technologies Ltd ने हाल ही में क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशंस प्लेसमेंट (QIP) के जरिए ₹49.5 करोड़ जुटाए हैं। इसके बाद कंपनी में विदेशी संस्थागत निवेशकों (FPI/FII) की हिस्सेदारी करीब 29% हो गई है। कंपनी का शेयर भी अपने 52 हफ्ते के उच्च स्तर के करीब पहुंच गया है।
कंपनी ने QIP के तहत ₹1 प्रति शेयर के भाव पर 49.50 करोड़ इक्विटी शेयर अलॉट किए। इससे कुल ₹49.5 करोड़ जुटाए गए। यह इश्यू 13 अगस्त 2026 को खुला था और 14 अगस्त को बंद हुआ था।
चार विदेशी फंड बने बड़े निवेशक
QIP में चार विदेशी संस्थागत निवेशकों ने हिस्सा लिया। Minerva Ventures Fund को 14.5 करोड़ शेयर मिले। Magnifica Global Opportunities VCC-MGO High Conviction Fund को 14 करोड़ शेयर मिले। वहीं Al Maha Investment Fund PCC-Onyx Strategy और Ebisu Global Opportunities Fund को 10.5-10.5 करोड़ शेयर आवंटित किए गए।
QIP के बाद 29% हिस्सेदारी
कंपनी के पोस्ट-QIP कैपिटल स्ट्रक्चर के मुताबिक ये चारों निवेशक मिलकर कंपनी की करीब 29% इक्विटी रखते हैं। कंपनी का दावा है कि ये सभी निवेशक भारत के FPI फ्रेमवर्क के तहत रजिस्टर्ड विदेशी संस्थागत निवेशक हैं। इससे कंपनी में संस्थागत भागीदारी और मजबूत हुई है।
FY26 में रेवेन्यू और मुनाफा बढ़ा
कंपनी के ऑपरेटिंग प्रदर्शन में भी सुधार दिखा है। FY26 में कंसोलिडेटेड रेवेन्यू 57% से ज्यादा बढ़ा। टैक्स के बाद कंसोलिडेटेड प्रॉफिट में 108% से ज्यादा की बढ़ोतरी दर्ज हुई। कंपनी लगातार 12 तिमाहियों से मुनाफे में बनी हुई है।
AI-EdTech बिजनेस से भी उम्मीद
GACM का कहना है कि उसकी AI-EdTech बिजनेस में 30% हिस्सेदारी है। इस बिजनेस को ₹30 करोड़ से ज्यादा के कन्फर्म ऑर्डर मिले हैं। इनमें दिल्ली सरकार से ₹25 करोड़ और तमिलनाडु सरकार से ₹5 करोड़ के ऑर्डर शामिल हैं। कंपनी ने AI से जुड़े पांच पेटेंट भी रजिस्टर कराए हैं।
Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।