गोदावरी रिफाइनरीज के शेयर 16 सितंबर को बाजार खुलते ही रॉकेट बन गए। एक समय शेयर का प्राइस 13 फीसदी से ज्यादा चढ़ गया था। बाद में तेजी थोड़ी सुस्त पड़ी। 11:40 बजे शेयर 7.44 फीसदी के उछाल के साथ 243.50 रुपये पर चल रहा था। शेयरों में तेजी की वजह चीन के पेटेंट ऑफिस से कंपनी को मिला एक पेटेंट है।
शेयर पर चीन से पेटेंट मिलने का असर
Godavari Biorefineries ने इस बारे में स्टॉक एक्सचेंजों को जानकारी दी है। कंपनी ने कहा है कि उसने 'यूज ऑफ कंपाउंड्स फॉर ट्रीटिंग वायरल इंफेक्शंस' नाम से चीन के पेटेंट ऑफिस के पास एक अप्लिकेशन फाइल किया था। उसे अब पेटेंट मिल गया है। इस पेटेंट के तहत उन कंपाउंड्स के इस्तेमाल को कवर मिला है, जो शेल (cells) में V-ATPase एक्टिविटी को रोकते हैं। इन कंपाउंड्स का इस्तेमाल वायरल इंफेक्शंस के इलाज की दवाएं बनाने में होता है।
कंपनी ने 2021 में अप्लिकेशन दिया था
चाइनीज पेटेंट सर्टिफिकेट के मुताबिक, कंपनी को यह पेंटेंट 15 सितंबर, 2026 को ग्रांट हुआ। कंपनी ने चाइनजी पेटेंट ऑफिस के पास 10 मई, 2021 को अप्लिकेशन फाइल किया था। चायनजी पेंटेंट ऑफिस से पेंटेंट मिलने से पहले कंपनी को जापान पेंटेंट ऑफिस से पेटेंट मिला था। इसका संबंध कैंसर के इलाज से जुड़े आविष्कार से है। कंपनी ने जापान पेंटेंट ऑफिस के पास अक्तूबर 2021 में अप्लिकेशन फाइल किया था।
कंपनी बायो-बेस्ड केमिकल्स बनाती है
गोदावरी रिफाइनरीज महाराष्ट्र की कंपनी है, जो बायो-बेस्ड केमिकल्स, इथेनॉल, चीनी और बिजली बनाती है। इसके प्रोडक्ट्स का इस्तेमाल कई इंडस्ट्रीज में होता है, जिनमें फूड एवं बेवरेजेज, फार्मास्युटिकल्स, फ्लेवर्स एंड फ्रैगरेंसेज, फ्यूल, पर्सनल केयर और कॉस्मेटिक्स शामिल हैं।
स्टॉक एक्सचेंजों में 2024 में लिस्ट हुई थी कंपनी
यह कंपनी शेयर बाजारों में अक्तूबर 2024 में लिस्ट हुई थी। कंपनी के आईपीओ को इनवेस्टर्स का अच्छा रिस्पॉन्स मिला था। कंपनी ने 352 रुपये के प्राइस पर इनवेस्टर्स को शेयर एलॉट किए थे। लेकिन, लिस्टिंग के बाद से यह शेयर 30 फीसदी से ज्यादा फिसला है। इधर, 16 सितंबर को कई दिनों में शेयर बाजारों में रिकवरी दिखी। सेंसेक्स और निफ्टी दोनों हरे निशान में चल रहे थे।