GRSE Shares Price : सोमवार को गार्डन रीच शिपबिल्डर्स एंड इंजीनियर्स लिमिटेड (GRSE) के शेयरों में लगभग 5 प्रतिशत की बढ़त हुई और ये एक महीने से ज्यादा के हाई पर पहुंच गए। यह बढ़त डिपार्टमेंट ऑफ़ पब्लिक एंटरप्राइजेज़ ने इस डिफेंस PSU को'नवरत्न'का दर्जा मिलने के बाद देखने को मिली है। एक अधिकारी ने अपने बयान में कहा कि गार्डन रीच शिपबिल्डर्स के लगातार अच्छे प्रदर्शन को देखते हुए शुक्रवार को को इसके 'नवरत्न' का दर्जा दिया गया। यह दर्जा सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनियों को बड़े निवेश करने की सुविधा देता है और उन्हें ज्यादा वित्तीय और कामकाज से जुड़ी आजादी देता है।
NSE पर यह स्टॉक 4.87 प्रतिशत की बढ़त के साथ 2,861 रुपये प्रति शेयर पर खुला। बाद में यह 4.87 प्रतिशत बढ़कर 2,934.70 रुपये के इंट्राडे हाई पर पहुंच गया। हालांकि,ऊंचे स्तरों पर प्रॉफिट बुकिंग के कारण यह बढ़त कम हो गई। फिलहाल 12 बजे के आसपास यह शेयर 80.90 रुपए यानी 2.89 प्रतिशत की बढ़त के साथ 2880 रुपये प्रति शेयर पर ट्रेड कर रहा था।
कंपनी को प्रदर्शन की बात करें तो कोलकाता स्थित युद्धपोत बनाने वाली इस कंपनी की कामकाजी आय 2021-22 फाइनेंशियल ईयर में 1,754 करोड़ रुपये थी जो 2025-26 में बढ़कर 7,002 करोड़ रुपये पर आ गई। इस अवधि में इसकी आय में लगभग 300 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई। इसी दौरान कंपनी का टैक्स के बाद का मुनाफा 190 करोड़ रुपये से बढ़कर 748 करोड़ रुपये हो गया,जो लगभग 294 प्रतिशत की बढ़ोतरी दिखाता है।
कमर्शियल जहाज बनाने वाले इस शिपयार्ड ने साल के दौरान आठ युद्धपोत बना कर सौंपे है। जिनमें से तीन तो 30 मार्च,2026 को एक ही दिन में सौंपे गए। PTI की रिपोर्ट के मुताबिक,GRSE के चेयरमैन और मैनेजिंग डायरेक्टर कमोडोर पी.आर.हरि (रिटायर्ड) ने कहा कि'नवरत्न'का दर्जा मिलना कंपनी के सफर में एक अहम पड़ाव है।
उन्होंने कहा,"नवरत्न का दर्जा मिलने से कंपनी को रणनीतिक मौकों का फायदा उठाने,डिफेंस प्रोडक्शन में आत्मनिर्भरता बढ़ाने और कंपनी की वैश्विक प्रतिस्पर्धा-क्षमता को मजबूत करने और 2047 तक भारत के एक प्रमुख समुद्री शक्ति के रूप में उभरने में सहायता मिलेगी।"
PTI की रिपोर्ट के मुताबिक कंपनी के एक अधिकारी ने बताया है कि GRSE ने भारतीय नौसेना,कोस्ट गार्ड और मित्र विदेशी देशों को सबसे ज़्यादा युद्धपोत सौंपे हैं। उन्होंने आगे कहा कि कंपनी द्वारा अब तक सौंपे गए 118 युद्धपोतों में से 80 को भारतीय नौसेना में शामिल किया गया है।