रेलवे इंफ्रा को मजबूती देने के लिए आर्थिक मामलों की कैबिनेट कमेटी ने बुधवार को सात भारी-भरकम मल्टी-ट्रैकिंग प्रोजेक्ट को मंजूरी दी। इसका असर आज एचबीएल पावर (HBL Power) के शेयरों पर दिख रहा है। 32500 करोड़ रुपये के इन प्रोजेक्ट के साथ-साथ 10 हजार ई-बसों के लिए 57,613 करोड़ रुपये के एक प्रोजेक्ट को मंजूरी के चलते आज एचबीएल पावर के शेयर कमजोर मार्केट सेंटिमेंट में भी 7 फीसदी से अधिक उछलकर 263.55 रुपये की रिकॉर्ड हाई पर पहुंच गए। एचबीएल पावर अलग-अलग प्रकार की बैट्री, रेलवे और डिफेंस इलेक्ट्रॉनिक्स, सोलर फोटोल्टानिक मॉड्यूल्स समेत अन्य प्रोडक्ट्स तैयार करती है। अब कैबिनेट ने जिन प्रोजेक्ट्स को मंजूरी दी है, उससे एचबीएल पावर के कारोबार को बूस्ट मिलेगा। इसके चलते आज शेयर रॉकेट बन गए। दिन के आखिरी में बीएसई पर यह 4.84 फीसदी की तेजी के साथ 257.55 रुपये (HBL Share Price) पर बंद हुआ।
HBL Power के शेयरों को किन प्रोजेक्ट्स से मिला सपोर्ट
बुधवार को आर्थिक मामलों की कैबिनेट कमेटी ने पीएम गति शक्ति नेशनल मास्टर प्लान के तहत 32500 करोड़ रुपये के सात मल्टी-ट्रैकिंग प्रोजेक्ट्स को मंजूरी दी है। इसके अलावा केंद्रीय कैबिनेट ने ‘PM-eBus Sewa’ प्रोजेक्ट को भी मंजूरी दी है। इस प्रोजेक्ट के तहत शहरों को 10 हजार इलेक्ट्रिब बस मिलेंगे। इस योजना की पूरी लागत 57,613 करोड़ रुपये की है जिसमें से 20 हजार करोड़ रुपये केंद्र सरकार देगी।
इसके अलावा एक और बात से एचबीएल पावर के शेयरों को सपोर्ट मिल रहा है कि सरकार की योजना 2026 तक 34368 किमी के रेलवे ट्रैक में अधिक व्यस्त वाले रास्तों पर कवच (Kavach) लगाने की है। कवच को लेकर एचबीएल ने अशोक बिल्डकॉन के साथ जून 2023 में 135 करोड़ रुपये का एक सौदा किया था। इसके तहत कंपनी को कवच सिस्टम के सभी इक्विपमेंट की सप्लाई और एक्टिव करना है। कवच का इस्तेमाल बढ़ रहा है और रेलवे की योजना अब सभी नई वंदे भारत ट्रेनों को इससे लैस करने की है।
कंपनी के वित्तीय सेहत की बात करें तो चालू वित्त वर्ष 2023-24 की पहली तिमाही अप्रैल-जून में इसका कंसालिडेटेड नेट प्रॉफिट सालाना आधार पर दोगुने से अधिक बढ़कर 19.98 करोड़ रुपये से 51.51 करोड़ रुपये पर पहुंच गया। इस दौरान कंपनी का ऑपरेशनल रेवेन्यू भी 46 फीसदी उछलकर 320 करोड़ रुपये से 467 करोड़ रुपये पर पहुंच गया।