High Dividend Stocks: शेयर बाजार की स्थिति डांवाडोल है। बाजार के प्रमुख सूचकांकों पर लगातार दबाव दिख रहा है। शेयर बाजार के प्रमुख सूचकांकों निफ्टी और सेंसेक्स में लगातार 8वें हफ्ते गिरावट आई। यह शेयर बाजारों में बीते 25 साल में गिरावट का सबसे लंबा सिलसिला था। ऐसे में निवेशक बाजार से दूरी बनाने लगे हैं। हालांकि, ऐसे माहौल में ज्यादा डिविडेंड वाली कंपनियों में पैसे लगाना समझदारी हो सकती है। ऐसी कुछ कंपनियां हैं, जिनके डिडिवेंड का ट्रैक रिकॉर्ड शानदार रहा है।
ज्यादा डिविडेंड देने वाली लिस्ट में कई सरकारी कंपनियां शामिल
डिविडेंड देने वाली टॉप कंपनियों में कई सरकारी कंपनियां शामिल हैं। इनमें पहला नाम पीटीसी का है। इस कंपनी FY26 में शेयरहोल्डर्स को प्रति शेयर 14.70 रुपये का डिविडेंड दिया है। इस कंपनी की डिविडेंड यील्ड 9.7 फीसदी है। पीटीसी का शेयर शेयर 1 अक्तूबर को 0.47 फीसदी गिरकर 154.83 रुपये पर बंद हुआ था। इस साल यह शेयर 4.91 फीसदी गिरा है।
कोल इंडिया का डिविडेंड देने का रिकॉर्ड शानदार
कोल इंडिया डिविडेंड देने के मामले में दूसरे नंबर पर है। यह भी सरकार की कंपनी है। इसने वित्त वर्ष 2025-26 में शेयरहोल्डर्स को प्रति शेयर 26.40 रुपये डिविडेंड दिया है। इसकी डिविडेंड यील्ड 6.6 फीसदी है। कोल इंडिया का शेयर 1 अक्तूबर को 0.71 फीसदी गिरकर 422 रुपये पर बंद हुआ। इस साल यह शेयर 5.38 फीसदी चढ़ा है।
आरईसी की डिविडेंड यील्ड FY26 में 6 फीसदी से ज्यादा
आरईसी का शेयर डिविडेंड देने के मामले में तीसरे नंबर पर है। इसने FY26 में शेयरहोल्डर्स को प्रति शेयर 19.60 रुपये डिविडेंड दिया है। इसकी डिविडेंड यील्ड 6.2 फीसदी है। आरईसी का शेयर 1 अक्तूबर को 3.73 फीसदी गिरकर 287.85 रुपये पर बंद हुआ। यह शेयर इस साल करीब 22 फीसदी गिरा है। यह भी सरकार की कंपनी है।
डिविडेंड देने में ऑयल उत्पादक कंपनी ओएनजीसी भी आगे
डिविडेंड देने का मामले में ओएनजीसी का ट्रैक रिकॉर्ड भी अच्छा है। यह सरकार की कंपनी है, जो ऑयल और गैस का उत्पादन करती है। इसने FY26 में शेयरहोल्डर्स को प्रति शेयर 13.50 रुपये का डिविडेंड दिया। इसकी डिविडेंड यील्ड 5.8 फीसदी है। ओएनजीसी का शेयर 1 अक्तूबर को 1.43 फीसदी गिरकर 222.58 रुपये पर बंद हुआ। इस साल यह शेयर 6.46 फीसदी गिरा है।
गुजरात पिपावाव की डिविडेंड यील्ड 5 फीसदी से ज्यादा
गुजरात पिपावाव पोर्ट भी डिविडेंड देने में कई दूसरी कंपनियों से आगे है। इसने FY26 में प्रति शेयर 9.60 रुपये डिविडेंड दिया। इसकी डिविडेंड यील्ड 5.7 फीसदी है। यह शेयर 1 अक्तूबर को 0.51 फीसदी गिरकर 165.90 रुपये पर बंद हुआ। इस साल यह शेयर करीब 9 फीसदी गिरा है।
ऐसे समझें क्या होती है डिविडेंड यील्ड
डिविडेंड यील्ड एक फाइनेंशियल रेशियो है, जिससे पता चलता है कि कंपनी अपने शेयरहोल्डर्स को शेयर की कीमत का कितना फीसदी डिविडेंड के रूप में देती है। इसे एक उदाहरण की मदद से समझा जा सकता है। मान लीजिए किसी कंपनी के शेयर की कीमत 100 रुपये है। उसने शेयरहोल्डर्स को सालाना 10 रुपये का डिविडेंड दिया है तो इसका मतलब है कि कंपनी की डिविडेंड यील्ड 10 फीसदी है।