देश में कोरोना महामारी के दौरान मैन्यूफैक्चरिंग, टेक्सटाइल, टूरिज्म जैसे सेक्टरों को भारी झटका सहना पड़ा। ऐसे में एग्रीकल्चर सेक्टर भारतीय इकोनॉमी संकट मोचक बनकर उभरा। देश में एग्री सेक्टर में ग्रोथ के साथ ही उससे जुड़े सेक्टरों में भी तेजी आती दिखी। इसमें एग्री इक्यूपमेंट और फर्टिलाइजर जैसे सेक्टर शामिल है। ऐसे में देश के जानमाने ब्रोकरेज फर्म मोतीलाल ओसवाल ने अपने हाल में जारी रिपोर्ट में निवेशकों को Coromandel International में निवेश की सलाह दी है।
मोतीलाल ओसवाल ने इस स्टॉक को Buy ऱेटिंग देते हुए कहा है कि अगले 1 साल में ही हमें इस स्टॉक में 40 फीसदी का रिटर्न देखने को मिल सकता है।
मोतीलाल ओसवाल का कहना है कि Coromandel International का वर्तमान भाव 740 रुपये के आसपास है। अगले 1 साल में यह स्टॉक 40 फीसदी के छलांग के साथ 1035 रुपये पर जाता दिख सकता है।
गौरतलब है कि Coromandel International एक एग्रीसांल्यूएशन प्रोवाइडर कंपनी है। यह भारत की सबसे बड़ी प्राइवेट phosphatic फर्टिलाइजर कंपनी है। इसके अलावा यह दुनिया की सबसे बड़ी निम आधारित बायोपेस्टिसाइड बनाने वाली कंपनी है। इसके अलावा यह देश की नंबर एक ऑर्गेनिक फर्टिलाइजर बनाने वाली कंपनी भी है। कंपनी के पास देश का सबसे बड़ा एग्री रिटेल चैन है जिसमें 750 स्टोर शामिल है।
मोतीलाल ओसवाल का कहना है कि सरकारी सब्सिडियरी में बढ़ोतरी के बावजूद हमें उम्मीद है कि Coromandel International का एबिटा मार्जिन दबाव में रहेगा। इसकी वजह यह है कि सरकारी निर्देशों के चलते इंडस्ट्री कीमत में पर्याप्त बढ़ोतरी नहीं कर पाई हैजिससे कमोडिटी की कीमतों में हुई बढ़ोतरी की भरपाई की जा सके लेकिन इंडस्ट्री में बुनियादी तेजी बनी हुई है। किसानों में फसलों के लिए संतुलित खाद से जुड़ी जानकारी में लगातार बढ़ोतरी हो रही है। जिससे किसानों का रुझान यूरिया की तुलना में दूसरे कॉम्प्लेक्स फर्टिलाजर की तरफ बढ़ रहा है जिसका फायदा Coromandel International जैसे कंपनियों को होगा।