Ram Chandra Agarwal Success Story: कुछ कहानियां कारोबार से ज्यादा हौसले की होती हैं। राम चंद्र अग्रवाल की कहानी भी ऐसी ही है। बचपन में पोलियो ने उनके दोनों पैरों को हमेशा के लिए प्रभावित कर दिया। चार साल की उम्र से बैसाखियां उनकी जिंदगी का हिस्सा बन गईं। लेकिन उन्होंने अपनी पहचान अपनी कमजोरी से नहीं, अपने काम से बनाई।
