आईडीबीआई बैंक का प्रदर्शन शानदार रहा है। बैंक ने 3 जनवरी को इस बारे में बताया। बैंक के कुल बिजनेस की ग्रोथ डबल डिजिट में रही। 31 दिसंबर, 2025 को बैंक का टोटल बिजनेस साल दर साल आधार पर 12 फीसदी बढ़कर 5.47 लाख करोड़ रुपये हो गया। एडवान्सेज और डिपॉजिट दोनों में ग्रोथ देखने को मिली।
टोटल डिपॉजिट 3 लाख करोड़ के पार
IDBI Bank ने रेगुलेटरी फाइलिंग में बताया है कि दिसंबर तिमाही में टोटल डिपॉजिट बढ़कर 3.08 लाख करोड़ रुपये हो गया। नेट एडवान्सेज साल दर साल आधार पर 15 फीसदी बढ़कर 2.39 लाख करोड़ रुपये हो गया। CASA (करेंट अकाउंट सेविंग्स अकाउंट) डिपॉजिट 1.36 लाख करोड़ रुपये रहा। यह साल दर साल आधार पर 4 फीसदी ग्रोथ है। बैंक के प्रदर्शन से जुड़े ये डेटा प्रोविजनल हैं।
ने एडवान्सेज में भी अच्छी ग्रोथ
बैंक का कुल बिजनेस सितंबर 2025 के अंत में 5.34 लाख करोड़ रुपये था। नेट एडवान्सेज 2.07 लाख करोड़ रुपये था। तिमाही दर तिमाही आधार पर बैंक के डिपॉजिट में भी ग्रोथ देखने को मिली। बैंक ने कहा है कि ये डेटा प्रोविजनल हैं। ऑडिटर्स की तरफ से इनका रिव्यू होना बाकी है। बैंक दिसंबर तिमाही के नतीजों का ऐलान बाद में करेगा।
2 जनवरी को शेयरों को लगे पंख
2 जनवरी को आईडीबीआई बैंक के शेयरों को पंख लग गए। बैंक के शेयर 10.45 फीसदी चढ़कर 114.60 रुपये पर बंद हुए। यह बीते 11 सालों में शेयर का सबसे ज्यादा प्राइस है। बीते 12 महीनों में यह शेयर करीब 49 फीसदी चढ़ा है। सरकार काफी समय से आईडीबीआई बैंक में अपनी हिस्सेदारी बेचने की कोशिश कर रही है। एलआईसी बी इस बैंक में अपनी हिस्सेदारी बेचेगी।
सरकार बेचना चाहती है हिस्सेदारी
इस साल सितंबर के अंत में आईडीबीआई बैंक में सरकार की 45.48 फीसदी हिस्सेदारी थी, जबकि एलआईसी की 49.24 फीसदी हिस्सेदारी थी। दोनों की मिलाकर इस बैंक में 94.71 फीसदी हिस्सेदारी है। आईडीबीआई बैंक एक प्राइवेट बैंक है। सितंबर तिमाही में बैंक का प्रदर्शन काफी अच्छा था। साल दर साल आधार पर इसका नेट प्रॉफिट 39 फीसदी बढ़ा था।