बढ़ती ब्याज दरों की चिंताओं को धता बताते हुए भारतीय बाजारों ने अप्रैल में उम्मीद से बेहतर प्रदर्शन किया। अप्रैल में भारतीय बाजारों का ये प्रदर्शन बाजार जानकारों के लिए एक सुखद आश्चर्य रहा। इस अवधि में आए मैक्रोइकोनॉमिक आंकड़ों की मजबूती और वैल्यूएशन में कमी के चलते बाजार के प्रदर्शन में मजबूती रही। इनकी वजह से अप्रैल में भारतीय इक्विटी मार्केट में 1.13 अरब डाॉलर का निवेश आता दिखा। नतीजतन, बेंचमार्क सेंसेक्स और निफ्टी अप्रैल महीने दुनिया के तमाम बड़े बाजारों की तुलना में सबसे बेहतर प्रदर्शन करते नजर आए।
