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L&T Share Price: अमेरिका-ईरान के शांति समझौते पर चहके शेयर, इस साल 2026 में हुआ रेड से ग्रीन

L&T Share Price: आखिरकार एलएंडटी के शेयर इस साल 2026 में अब तक की उठा-पटक के हिसाब से ग्रीन जोन में पहुंचे। लगातार दूसरे दिन आज इसमें तेजी आई और यह तेजी अमेरिका-ईरान के बीच शांति समझौते पर आई। जानिए कि एलएंडटी के लिए पश्चिमी एशिया कितना अहम है जो जंग खत्म होने पर शेयर चहक उठे

Edited By: Jeevan Deep Vishawakarmaअपडेटेड Jun 15, 2026 पर 3:54 PM
L&T Share Price: अमेरिका-ईरान के शांति समझौते पर चहके शेयर, इस साल 2026 में हुआ रेड से ग्रीन
देश की सबसे बड़ी इंफ्रा कंपनी L&T का पश्चिमी एशिया में काफी एक्सपोजर है।

L&T Share Price: अमेरिका और ईरान के बीच शांति समझौते के ऐलान पर लगातार दूसरे दिन आज लार्सेन एंड टूब्रो (Larsen & Toubro- L&T) के शेयर चमक उठे। एक कारोबारी दिन पहले करीब 5% की बढ़त के साथ बंद होने के बाद आज शुरुआती कारोबार में ही यह 4% से अधिक उछल पड़ा। इस तेजी के साथ अब लगातार पांच कारोबारी दिनों में चार दिन यह मजबूत हुआ और सिर्फ 11 जून को यह करीब डेढ़ फीसदी की कमजोरी के साथ बंद हुआ था। आज की बात करें तो बीएसई पर यह 2.99% की बढ़त के साथ ₹4171.45 पर बंद हुआ है। इंट्रा-डे में यह 4.05% चढ़कर ₹4,214.30 तक पहुंच गया था। पिछले साल के आखिरी कारोबारी दिन 31 दिसंबर 2025 को यह ₹4,083.10 पर बंद हुआ था यानी कि आज की बढ़त के साथ एलएंडटी इस साल 2026 में अब तक की उठा-पटक के हिसाब से ग्रीन जोन में पहुंचा।

28 फरवरी को अमेरिका और ईरान के बीच जंग छिड़ने पर एलएंडटी के शेयर धड़ाम हो गए थे और 23% टूटकर 23 मार्च को एक साल के निचले स्तर पर आ गए थे। 20 कारोबारी दिनों में रिकवरी के बाद 8 अप्रैल को फिर से यह ₹4 हजार के पार पहुंचा था और यह लेवल फरवरी 2021 के बाद से इंट्रा-डे में सबसे बड़ी तेजी 8% के उछाल के साथ छुआ था और यह तेजी उस दिन आई थी, जब अमेरिका और ईरान ने सीजफायर का ऐलान किया था। अब अमेरिका और ईरान के शांति समझौते के ऐलान के साथ पश्चिमी एशिया में चार महीने से चल रहा युद्ध खत्म हो गया। दोनों देश शुक्रवार 19 जून को शांति समझौते पर साइन करने वाले हैं, जिसके बाद होर्मुज जलडमरूमध्य यानी स्ट्रेट ऑफ होर्मुज (Strait of Hormuz) शिपमेंट के लिए सामान्य रूप से फिर खुल जाएगा।

पश्चिमी एशिया में L&T का कितना एक्सपोजर?

देश की सबसे बड़ी इंफ्रा कंपनी एलएंडटी का पश्चिमी एशिया में काफी एक्सपोजर है। वित्त वर्ष 2026 के शुरुआती नौ महीने यानी कि अप्रैल-दिसंबर 2025 में इसके ऑर्डर बुक में 37% और ऑर्डन इनफ्लो में 33% हिस्सेदारी पश्चिमी एशिया की थी। इलके कंसालिडेटेड ऑर्डर बुक में 49% हिस्सेदारी इंटरनेशनल बिजनेस की थी जिसमें से 80% को यूएई, सऊदी अरब और गल्फ क्षेत्र की थी। वित्त वर्ष 2027 के गाइडेंस में कंपनी ने कहा था कि शिपमेंट में देरी के चलते वित्त वर्ष 2027 की पहली और दूसरी तिमाही में रुकावट आ सकती है लेकिन रेवेन्यू ग्रोथ का अनुमान 10% से 12% और मार्जिन का आंकड़ा 8.3% बनाए रखा, जो वित्त वर्ष 2026 के समान ही है। एलएंडटी को रुकावटों के बावजूद उम्मीद है कि इस वित्त वर्ष 2027 में उसका ऑर्डर इनफ्लो 10% से 12% की रफ्तार से बढ़ेगा।

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