Max Healthcare Q1 results: मैक्स हेल्थकेयर ने 13 अगस्त को जून तिमाही के नतीजों का ऐलान किया। इस दौरान कंपनी का प्रॉफिट साल दर साल आधार पर 3 फीसदी बढ़कर 357 करोड़ रुपये रहा। एक साल पहले की समान अवधि में कंपनी का प्रॉफिट 345 करोड़ रुपये था। नतीजों के बाद कंपनी के शेयरों में उछाल देखने को मिला।
ऑपरेशंस से रेवेन्यू बढ़कर ₹2835 करोड़
Max Healthcare का ऑपरेशंस से रेवेन्यू जून तिमाही में साल दर साल आधार पर 15.2 फीसदी बढ़कर 2,835 करोड़ रुपये रहा। एक साल पहले की समान अवधि में यह 2,460 करोड़ रुपये था। जून तिमाही में EBITDA 15 फीसदी बढ़कर 704 करोड़ रुपये रहा। एक साल पहले की समान अवधि में ह 613 करोड़ रुपये था।
मार्जिन घटकर 24.8 फीसदी पर आया
मैक्स हेल्थकेयर के मार्जिन में जून तिमाही में कमी आई। यह घटकर 24.8 फीसदी पर आ गया। एक साल पहले की समान अवधि में यह 24.9 फीसदी था। कंपनी के बोर्ड ने 425 करोड़ रुपये के कैपिटल एक्सपेंडिचर के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी। इस पैसे का इस्तेमाल एडिशनल हॉस्पिटल ब्लॉक बनाने के लिए होगा। मैक्स हेल्थकेयर ने कहा है कि बोर्ड ने मेडिकल कॉलेज/मेडिकल इंस्टीट्यूशंस शुरू करने के प्रस्ताव को भी शुरुआती मंजूरी (In-Principle apporval) दे दी है।
ARPOB बढ़कर रोजाना 81900 करोड़ रुपये
जून तिमाही में एवरेज रेवेन्यू पर ऑक्युपायड बेड (ARPOB) प्रति दिन 81,900 रुपये रहा। यह एक साल पहले की समान अवधि के मुकाबले 5 फीसदी ज्यादा है। एक साल पहले जून तिमाही में यह 78,000 रुपये था। एवरेज लेंथ ऑफ स्टे (ALOS) 4.1 दिन रहा। एक साल पहले की समान अवधि में यह 4 दिन था। इस साल मार्च तिमाही में यह 4.2 दिन था।
नतीजों के ऐलान के बाद शेयरों में तेजी
जून तिमाही के अंत में कंपनी पर शुद्ध कर्ज 2,384 करोड़ रुपये था। मार्च के अंत में यह 1,908 करोड़ रुपये था। कर्ज बढ़ने के बावजूद कंपनी का जून तिमाही में ऑपरेशंस से फ्री कैश फ्लो 397 करोड़ रुपये रहा। जून तिमाही के नतीजों का कंपनी के शेयर पर पॉजिटिव असर पड़ा। शेयर 0.50 फीसदी चढ़कर 1.012 रुपये पर बंद हुआ। इस साल यह शेयर 3.52 फीसदी गिरा है। शेयर बाजार में रुख मिलाजुला रहा। निफ्टी गिरकर बंद हुआ, जबकि सेंसेक्स हरे निशान में क्लोज हुआ।