आगे आने वाले 2-3 सालों में ऑटो सेक्टर के लिए बाजार में तमाम अच्छे फैक्टर नजर आ रहे हैं। सेमीकंडक्टर की सप्लाई से जुड़ी परेशानी कम होती नजर आ रही है। जिससे आगे ऑटो कंपनियों के प्रोडक्शन में इजाफा नजर आयेगा। इसके अलावा रूरल डिमांड में रिकवरी से भी ऑटो सेक्टर को फायदा होगा। खासकर टू-व्हीलर सेगमेंट से इसे ज्यादा सपोर्ट मिलेगा। टू-व्हीलर सेगमेंट में आगे प्रीमियमाइजेशन यानी कि प्रीमियम सेगमेंट की गाड़ियों में अच्छी बिक्री भी देखने को मिलेगी। इसका फायदा टू-व्हीलर ऑटो इंडस्ट्री को मिलेगा।
