Nityas Gems & Jewellery IPO Listing: लैबग्रोन डायमंड से जड़ी गोल्ड ज्लैवरी बनाने वाली नित्याज के शेयरों की आज घरेलू मार्केट में प्रीमियम एंट्री हुई। इसके आईपीओ को ओवरऑल 2 गुना से अधिक बोली मिली थी। आईपीओ के तहत ₹75 के भाव पर शेयर जारी हुए हैं। आज BSE पर इसकी ₹82.00 और NSE पर ₹80.00 पर एंट्री हुई है यानी कि आईपीओ निवेशकों को 9% तक का लिस्टिंग गेन (Nityas Listing Gain) मिला। हालांकि आईपीओ निवेशकों की खुशी थोड़ी ही देर में फीकी हो गई जब शेयर टूट गए। टूटकर BSE पर यह ₹77.91 (Nityas Share Price) के लोअर सर्किट पर आ गया यानी कि आईपीओ निवेशक अब 3.88% मुनाफे में हैं। एंप्लॉयीज अधिक फायदे में हैं क्योंकि उन्हें हर शेयर ₹7 के डिस्काउंट पर मिला है।
Nityas Gems & Jewellery IPO के पैसे कैसे होंगे खर्च
नित्याज जेम्स एंड ज्वैलरी का ₹108 करोड़ का आईपीओ सब्सक्रिप्शन के लिए 30 सितंबर से 5 अक्टूबर तक खुला था। इस आईपीओ को निवेशकों का अच्छा रिस्पांस मिला था और ओवरऑल यह 2.26 गुना सब्सक्राइब हुआ था। इसमें क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIB) के लिए आरक्षित हिस्सा 1.06 गुना (एक्स-एंकर), नॉन-इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स (NII) का हिस्सा 2.05 गुना, खुदरा निवेशकों का हिस्सा 4.07 गुना और एंप्लॉयीज का हिस्सा 2.82 गुना भरा था। इस आईपीओ के तहत ₹5 की फेस वैल्यू वाले 1,44,56,000 नए शेयर जारी हुए हैं। इन शेयरों के जरिए जुटाए गए पैसों में से ₹70.00 करोड़ वर्किंग कैपिटल की जरूरतों, ₹21.47 करोड़ आम कॉरपोरेट उद्देश्यों और ₹16.88 करोड़ आईपीओ से जुड़े एक्सपेंसेज पर खर्च होंगे।
Nityas Gems & Jewellery के बारे में
नित्याज जेम्स एंड ज्वेलरी लैब में बने हीरे से जड़े सोने के गहने बनाती है। यह सिर्फ दूसरी ज्वेलरी कंपनी को ही नहीं, बल्कि अपनी ब्रांड अयानी (Ayaani) के जरिए सीधे कंज्यूमर्स को भी बिक्री करती है। अयानी का ऑनलाइन स्टोर है, देश के 8 शहरों में 10 फिजिकल स्टोर भी हैं। इसके स्टोर खुद के हैं और फ्रेंचाइजी वाले भी हैं। इसका करोबार देश के 18 राज्यों और 2 यूनियन टेरिटरीज के अलावा यूएई, ऑस्ट्रेलिया, कनाडा और ताइवान में भी फैला हुआ है।
कंपनी के वित्तीय सेहत की बात करें तो यह लगातार मजबूत हो रही है। वित्त वर्ष 2024-26 में इसका शुद्ध मुनाफा सालाना करीब 136% की रफ्तार यानी CAGR से बढ़कर ₹22.32 करोड़ और टोटल इनकम करीब 95% के सीएजीआर से ₹203.33 करोड़ पर पहुंच गया। मार्च 2026 तिमाही के आखिरी में कंपनी पर ₹9.08 करोड़ का टोटल कर्ज था जबकि रिजर्व और सरप्लस में ₹40.87 करोड़ पड़े थे।
डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।