Nykaa Share Price: कॉस्मेटिक्स और फैशन रिटेलर नायका (Nykaa) की कंपनी FSN E-Commerce Ventures के शेयरों में बिकवाली का दबाव बना हुआ है। प्री-आईपीओ शेयरों की बिकवाली थामने के लिए कंपनी ने बोनस शेयरों का दांव चला था लेकिन वह कारगर नहीं साबित नहीं हो रहा है। आज भी एक ब्लॉक डील के जरिए कंपनी के 1.84 करोड़ इक्विटी शेयरों यानी 0.65 फीसदी हिस्सेदारी की बिक्री हुई। इसके चलते कंपनी के शेयर औंधे मुंह गिरे पड़े हैं। शुरुआती कारोबार में आज 22 नवंबर को बीएसई पर यह करीब 5 फीसदी की गिरावट के साथ 174.50 रुपये के भाव पर फिसल गया।
किसने खरीदे शेयर, इसका खुलासा नहीं
आज एक ब्लॉक डील के जरिए नायका के 1.84 करोड़ इक्विटी शेयरों का लेन-देन हुआ। 21 नवंबर यानी सोमवार को यह जानकारी सामने आई गई थी कि निजी इक्विटी फर्म लाइटहाउस इंडिया नायका के 320 करोड़ रुपये के शेयरों की ब्लॉक डील के जरिए बिक्री करेगी। हालांकि ये शेयर किसने खरीदे, इसका खुलासा नहीं हो पाया है। इस सौदे के लिए 180-183.5 रुपये प्रति शेयर का भाव (Nykaa Share Price) लगा था जो पिछले क्लोजिंग प्राइस से करीब 2 फीसदी डिस्काउंट पर था। लाइटहाउस इंडिया ने इससे पहले भी अपनी हिस्सेदारी कम की है।
प्री-आईपीओ लॉक इन पीरियड खत्म होने के बाद इसने 10 नवंबर को 171.75 रुपये के भाव पर नायका के 96 लाख शेयर बेचे। इसके बाद 16 नवंबर को 175.13 रुपये के औसत भाव पर 3 करोड़ शेयरों की बिक्री की। सिर्फ लाइटहाउस इंडिया ही नहीं बल्कि लॉक-इन पीरियड खत्म होने के बाद टीपीजी ग्रोथ, नरोतम सेखसरिया और माला गांवकर ने भी अपनी हिस्सेदारी नायका में कम की है। वहीं दूसरी तरफ एबेरडीन स्टैंडर्ड एशिया फोकस, मॉर्गन स्टैनले, नोर्गेस बैंक और कनाडा पेंशन प्लान इंवेस्टमेंट बोर्ड ने नायका के शेयरों की खरीदारी की है।
नायका का आईपीओ पिछले साल 28 अक्टूबर-1 नवंबर के बीच सब्सक्रिप्शन के लिए खुला था और इसके शेयर पिछले साल 10 नवंबर को लिस्ट हुए थे। इस आईपीओ के खुलने से पहले दिन प्रमोटर्स और शेयरहोल्डर्स को इसके शेयर अलॉट हुए थे, उनके लिए ये बाध्यता थी कि वे लिस्टिंग गेन नहीं ले सकते थे। एक साल के भीतर वे शेयरों की बिक्री नहीं कर सकते थे। यह लॉक-इन पीरियड खत्म होने के बाद अब वे अपनी शेयरहोल्डिंग कम या खत्म कर सकते हैं।
लॉक-इन में कंपनी के करीब 67 फीसदी शेयर थे। ऐसे में लॉक-इन पीरियड समाप्त होने पर बिकवाली के अंदेशे को देखते हुए कंपनी ने बोनस शेयरों का दांव खेला। कंपनी ने 5:1 के रेश्यो में बोनस का ऐलान किया। हालांकि यह कारगर नहीं दिख रहा है।