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Pranav Constructions IPO Listing: 126 गुना सब्सक्रिप्शन के बाद 33% का लिस्टिंग गेन, लगातार मजबूत हो रही सेहत

Pranav Constructions IPO Listing: आईपीओ को 126 गुना बोली मिलने के बाद प्रणव कंस्ट्रक्शंस के शेयरों की आज घरेलू मार्केट में धांसू एंट्री हुई है। आईपीओ के तहत नए शेयर जारी हुए हैं और ऑफर फॉर सेल के तहत भी शेयरों की बिक्री हुई है। नई खरीदारी से पहले चेक करें कंपनी की कारोबारी सेहत कैसी है और आईपीओ के जरिए जुटाए गए पैसों का इस्तेमाल कंपनी कैसे करेगी

Edited By: Jeevan Deep Vishawakarmaअपडेटेड Sep 15, 2026 पर 10:13 AM
Pranav Constructions IPO Listing: 126 गुना सब्सक्रिप्शन के बाद 33% का लिस्टिंग गेन, लगातार मजबूत हो रही सेहत
Pranav Constructions IPO Listing: प्रणव कंस्ट्रक्शंस का ₹351 करोड़ का आईपीओ सब्सक्रिप्शन के लिए 7-9 सितंबर तक खुला था। आज इसके शेयरों की लिस्टिंग हुई है।

Pranav Constructions IPO Listing: ग्रेटर मुंबई में रीडेवलपमेंट प्रोजेक्ट पर काम करने वाली प्रणव कंस्ट्रक्शंस के शेयरों की आज घरेलू मार्केट में धांसू एंट्री हुई। इसके आईपीओ को भी निवेशकों का शानदार रिस्पांस मिला था और ओवरऑल इसे 126 गुना से अधिक बोली मिली थी। आईपीओ के तहत ₹124 के भाव पर शेयर जारी हुए हैं। आज BSE पर इसकी ₹165.00 और NSE पर ₹162.00 पर एंट्री हुई है यानी कि आईपीओ निवेशकों को 33% तक का लिस्टिंग गेन (Pranav Constructions Listing Gain) मिला। हालांकि आईपीओ निवेशकों की खुशी थोड़ी ही देर में फीकी हो गई जब शेयर टूट गए। टूटकर BSE पर यह ₹155.00 (Pranav Constructions Share Price)  पर आ गया यानी कि आईपीओ निवेशक अब 25.00% मुनाफे में हैं।

Pranav Constructions IPO के पैसे कैसे होंगे खर्च

प्रणव कंस्ट्रक्शंस का ₹351 करोड़ का आईपीओ सब्सक्रिप्शन के लिए 7-9 सितंबर तक खुला था। इस आईपीओ को निवेशकों का जबरदस्त रिस्पांस मिला और ओवरऑल यह 126.34 गुना सब्सक्राइब हुआ। इसमें क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIB) के लिए आरक्षित हिस्सा 268.54 गुना (एक्स-एंकर), नॉन-इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स (NII) का हिस्सा 217.73 गुना और खुदरा निवेशकों का हिस्सा 45.31 गुना भरा था।

इस आईपीओ के तहत ₹316 करोड़ के नए शेयर जारी हुए हैं। इसके अलावा ₹10 की फेस वैल्यू वाले 28,56,869 शेयर यानी ₹35 करोड़ के शेयर ऑफर फॉर सेल विंडो के तहत बिके हैं। ऑफर फॉर सेल का पैसा तो शेयर बेचने वाले शेयरहोल्डर्स को मिला हैं। वहीं नए शेयरों के जरिए जुटाए गए पैसों में से ₹145.72 करोड़ रीडेवलपमेंट से जुड़े सभी खर्चों, ₹91.50 करोड़ कर्ज हल्का करने, ₹42.57 करोड़ भविष्य के रीडेवलपमेंट प्रोजेक्ट्स के अधिग्रहण की फंडिंग और आम कॉरपोरेट उद्देश्यों, और ₹40.31 करोड़ आईपीओ से जुड़े एक्सपेंसेज पर खर्च होंगे।

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