Prasol Chemicals IPO Listing: 150 से अधिक स्पेशल्टी केमिकल्स बनाने वाली प्रसोल केमिकल्स के शेयरों की आज घरेलू मार्केट में डिस्काउंट भाव पर एंट्री हुई। इसके आईपीओ को ओवरऑल 3 गुना से अधिक बोली मिली थी। आईपीओ के तहत ₹676 के भाव पर शेयर जारी हुए हैं। आज BSE पर इसकी ₹611.00 और NSE पर ₹610.00 पर एंट्री हुई है यानी कि आईपीओ निवेशकों को कोई लिस्टिंग गेन नहीं मिला बल्कि उनकी पूंजी ही 9% से अधिक घट गई। लिस्टिंग के बाद शेयरों ने रिकवरी की कोशिश की। उछलकर BSE पर यह ₹632.70 (Prasol Chemicals Share Price) पर पहुंच गया लेकिन आईपीओ निवेशक अब भी 6.41% घाटे में हैं। इसका आज का 10% अपर सर्किट ₹672.05 पर है जोकि आईपीओ प्राइस से नीचे है।
Prasol Chemicals IPO के पैसे कैसे होंगे खर्च
प्रसोल केमिकल्स का ₹500 करोड़ का आईपीओ सब्सक्रिप्शन के लिए 8-10 सितंबर तक खुला था। इस आईपीओ को निवेशकों का अच्छा रिस्पांस मिला था और ओवरऑल यह 3.47 गुना सब्सक्राइब हुआ था। इसमें क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIB) के लिए आरक्षित हिस्सा 7.59 गुना (एक्स-एंकर), नॉन-इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स (NII) का हिस्सा 1.89 गुना और खुदरा निवेशकों का हिस्सा 1.79 गुना भरा था।
इस आईपीओ के तहत ₹80 करोड़ के नए शेयर जारी हुए हैं। इसके अलावा ₹2 की फेस वैल्यू वाले 62,13,006 शेयर ऑफर फॉर सेल विंडो के तहत बिके हैं। ऑफर फॉर सेल का पैसा तो शेयर बेचने वाले शेयरहोल्डर्स को मिला है। वहीं नए शेयरों के जरिए जुटाए गए पैसों में से ₹60.00 करोड़ कर्ज हल्का करने, ₹16.39 करोड़ आम कॉरपोरेट उद्देश्यों और ₹21.95 करोड़ आईपीओ से जुड़े एक्सपेंसेज पर खर्च होंगे।
Prasol Chemicals के बारे में
प्रसोल केमिकल्स स्पेशल्टी केमिकल्स इंडस्ट्री में काम करती है। यह 150 से अधिक स्पेशल्टी केमिकल्स बनाती है। इसके प्रोडक्ट पोर्टफोलियो में 21 एसीटोन-बेस्ड केमिकल्स और 53 फॉस्फेट्स-बेस्ड केमिकल्स और 76 सर्फेक्टेंट्स, एस्टर्स और एसिड्स जैसे अन्य स्पेशल्टी केमिकल्स हैं। इसकी ग्राहक लुब्रिकेंट और माइनिंग एडीटिव्स, पेंट, स्याही, एग्रोकेमिकल्स, और होम एंड पर्सनल केयर इंडस्ट्री से हैं। इसकी ग्राहक एलेम्बिक फार्मा, याशो इंडस्ट्रीज और सुप्रिया लाइफसाइंसेज जैसी दिग्गज कंपनियां हैं। साथ ही इसके प्रोडक्ट्स निर्यात भी होते हैं।
कंपनी के वित्तीय सेहत की बात करें तो यह लगातार मजबूत हो रही है। वित्त वर्ष 2024-26 में इसका शुद्ध मुनाफा सालाना 114% से अधिक की रफ्तार यानी CAGR से बढ़कर ₹83.12 करोड़ और टोटल इनकम 18% के सीएजीआर से ₹1,237.85 करोड़ पर पहुंच गया। मार्च 2026 तिमाही के आखिरी में कंपनी पर ₹110.06 करोड़ का टोटल कर्ज था जबकि रिजर्व और सरप्लस में ₹436.91 करोड़ पड़े थे।
डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।