Reliance Industries एनसीडी से 15,000 करोड़ रुपये तक जुटाएगी , जानिए कंपनी का पूरा प्लान

Reliance Industries ने सितंबर तिमाही में रिकॉर्ड मुनाफा कमाया है। इस दौरान कंपनी का रेवेन्यू और एबिड्टा भी रिकॉर्ड ऊंचाई पर पहुंच गए। इसमें ऑयल-टू-केमिकल बिजनेस के साथ ही डिजिटल सर्विसेज और रिटेल बिजनेस का बड़ हाथ रहा

अपडेटेड Oct 31, 2026 पर 10:47 AM
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रिलायंस इंडस्ट्रीज का शेयर शुक्रवार यानी 30 अक्तूबर को 0.21 फीसदी गिरकर 1,164.90 रुपये पर बंद हुआ था।

रिलायंस इंडस्ट्रीज (आरआईएल) नॉन-कनवर्टेबल डिबेंचर (एनसीडी) के जरिए 15,000 करोड़ रुपये तक जुटाएगी। कंपनी ने इसका एलान शुक्रवार यानी 30 अक्तूबर को किया। शुक्रवार को ही कंपनी ने सितंबर तिमाही के नतीजे पेश किए। आरआईएल मार्केट कैपिटलाइजेशन के लिहाज से देश की सबसे बड़ी कंपनी है।

सितंबर तिमाही कंपनी ने कमाया रिकॉर्ड प्रॉफिट

Reliance Industries ने सितंबर तिमाही में रिकॉर्ड मुनाफा कमाया है। इस दौरान कंपनी का रेवेन्यू और एबिड्टा भी रिकॉर्ड ऊंचाई पर पहुंच गए। इसमें ऑयल-टू-केमिकल बिजनेस के साथ ही डिजिटल सर्विसेज और रिटेल बिजनेस का बड़ हाथ रहा। कंपनी ने शुक्रवार को शेयर बाजार बंद होने के बाद सितंबर तिमाही के नतीजों का ऐलान किया।


कंसॉलिडेटेड रेवेन्यू बढ़कर 3.62 लाख करोड़ रुपये

सितंबर तिमाही में रिलायंस इंडस्ट्रीज का कंसॉलिडेटेड रेवेन्यू 28 फीसदी बढ़कर 3.62 लाख करोड़ रुपये पहुंच गया। इस दौरान EBITDA 24 फीसदी बढ़कर 62,409 करोड़ रुपये रहा, जो ऑल-टाइम हाई है। नेट प्रॉफिट 34 फीसदी बढ़कर 29,550 करोड़ रुपये रहा। पहली बार किसी वित्त वर्ष की पहली छमाही में कंपनी का नेट प्रॉफिट 50,000 करोड़ रुपये से ज्यादा रहा।

बोर्ड ने एनसीडी से 15000 करोड़ रुपये तक जुटाने को मंजूरी दी

कंपनी ने स्टॉक एक्सचेंज को दी गई जानकारी में कहा है कि उसके बोर्ड ने 15,000 करोड़ रुपये तक के लिस्टेड, सेक्योर्ड या अनसेक्योर्ड, रिडेमएबल नॉन-कनवर्टेबल डिबेंचर इश्यू करने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। कंपनी यह पैसा प्राइवेट प्लेसमेंट के जरिए एक बार या एक से ज्यादा बार में जुटाएगी।

RIL प्राइवेट प्लेसमेंट के जरिए एक बार या ज्यादा बार में यह पैसा जुटाएगी 

RIL ने फाइलिंग में कहा है, "हम यह बताना चाहते हैं कि कंपनी के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स ने आज (शुक्रवार) को हुई मीटिंग में 15,000 करोड़ तक लिस्टेड, सेक्योर्ड या अनसेक्योर्ड, रिडेमएबल नॉन-कनवर्टेबल डिबेंचर से जुटाने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। कंपनी प्राइवेट प्लेसमेंट बेसिस पर एक बार या ज्यादा बार में यह पैसा जुटाएगी।"

सितंबर के अंत में कंपनी के करीब 39000 करोड़ के आउटस्टैंडिंग एनसीडी

30 सितंबर, 2026 को कंपनी के करीब 39,389 करोड़ रुपये के आउटस्टैंडिंग नॉन-कनवर्टेबल डिबेंचर्स थे। इसमें सेक्योर्ड एनसीडी की हिस्सेदारी करीब 20,000 करोड़ रुपये की थी। कंपनी ने सितंबर तिमाही में भी करीब 12,000 करोड़ रुपये के एनसीडी इश्यू किए थे। उसने यह पैसा प्राइवेट प्लेसमेंट के जरिए जुटाया था।

यह भी पढ़ें: Reliance Industries को सितंबर तिमाही में रिकॉर्ड मुनाफा, प्रॉफिट 34% बढ़कर 29,550 करोड़ रुपये

30 अक्टूबर को  0.21 फीसदी गिरकर 1,164.90 रुपये पर बंद हुआ शेयर 

रिलायंस इंडस्ट्रीज का शेयर शुक्रवार यानी 30 अक्तूबर को 0.21 फीसदी गिरकर 1,164.90 रुपये पर बंद हुआ था। कंपनी के शेयरों पर सितंबर तिमाही के नतीजों का असर सोमवार यानी 3 नवंबर को दिखेगा। इस साल रिलायंस इंडस्ट्रीज का का शेयर 26 फीसदी से ज्यादा गिरा है। निफ्टी में इस दौरान करीब 12 फीसदी गिरावट आई है।

डिसक्लेमर: मनीकंट्रोल नेटवर्क18 ग्रुप का हिस्सा है। नेटवर्क18 का नियंत्रण इंडिपेंडेंट मीडिया ट्रस्ट के पास है, जिसकी रिलायंस इंडस्ट्रीज एकमात्र लाभार्थी है।

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