1 अक्टूबर या इसके बाद ऐलान किए बोनस शेयर अब रिकॉर्ड डेट के बाद 2 कारोबारी दिनों में उपलब्ध हो जाएंगे। फिलहाल, ऐसे इश्यू के शेयर रिकॉर्ड डेट से दो हफ्ते बाद ही उपलब्ध हो पाते हैं। रिकॉर्ड डेट वह तारीख होती है, जब कंपनी यह तय करती है कि कौन-कौन से शेयरधारक बोनस इश्यू हासिल करने के योग्य हैं। मार्केट रेगुलेटर सिक्योरिटीज एंड एक्सचेंज बोर्ड ऑफ इंडिया (Sebi) ने 16 सितंबर को सर्कुलर जारी कर बोनस शेयरों के लिए T+2 ट्रेडिंग डे का प्रावधान किया है। यहां T का मतलब रिकॉर्ड डेट से है।
