SEBI ने लिया यू-टर्न, कहा- एंप्लॉयीज की शिकायतों का निपटारा बातचीत से होगा

SEBI के रुख में 16 सितंबर को बदलाव देखने को मिला। एंप्लॉयीज की शिकायतों के मसले पर उसने अपनी पहले की रिलीज वापस लेने का ऐलान किया। उसने यह भी कहा कि एंप्लॉयीज से जुड़े सभी मसलों का निपटारा बातचीत के जरिए होगा

अपडेटेड Sep 16, 2024 पर 2:27 PM
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SEBI ने कहा है कि एंप्लॉयीज की शिकायतों का निपटारा सेबी के समयबद्ध फ्रेमवर्क और उसके गवर्नेंस के उच्च मानकों के तहत किया जाएगा।

सेबी ने कहा है कि उसके एंप्लॉयीज की तरफ से हाल में जो शिकायतें आई थीं, उनका हल बातचीत से निकाला जाएगा। मार्केट रेगुलेटर ने 16 सितंबर को यह कहा। उसने यह भी कहा कि एंप्लॉयीज की शिकायतों के बाद इस महीने की शुरुआत में जो बयान जारी किए गए थे, उन्हें वापस ले लिया गया है। मार्केट रेगुलेटर ने इस बारे में एक बयान जारी किया। इसमें कहा गया है कि एंप्लॉयीज से जुड़े मसलों का निपटारा आंतरिक व्यवस्था के तहत किया जाएगा।

सभी शिकायतों का निपटारा बातचीत से होगा

SEBI ने कहा है कि सभी ग्रेड के अधिकारियों के प्रतिनिधियों के साथ रचनात्मक बातचीत के बाद इस बात पर सहमति बनी कि ऐसे मसले पूरी तरह से आंतरिक हैं। इनका निपटारा सेबी के समयबद्ध फ्रेमवर्क और उसके गवर्नेंस के उच्च मानकों के तहत किया जाएगा। मार्केट रेगुलेटर के बयान में यह भी कहा गया है कि सेबी के एंप्लॉयीज ने इनटर्नल कम्युनिकेशन के अनाधिकृत रिलीज की कड़ी आलोचना की है। उन्होंने इस बात की पुष्टि की है कि सभी मसलों का निपटारा बातचीत के जरिए होगा।


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मार्केट रेगुलेटर ने 4 सितंबर को जारी प्रेस रिलीज वापस ली

4 सितंबर को जारी बयान को वापस ले लिया गया है। 4 सितंबर को सेबी ने एक प्रेस रिलीज जारी की थी। इसे सेबी में कामकाज की खराब स्थितियों को लेकर एंप्लॉयीज के असंतोष जताने के बाद जारी किया गया था। इसमें आरोप लगाया गया था कि एंप्लॉयीज को बाहरी तत्व अपना मतलब साधने के लिए मीडिया, मिनिस्ट्री, सेबी के बोर्ड में जाने को उकसा रहे हैं। इस रिलीज में एक लेटर का भी हवाला दिया गया था, जिसे एंप्लॉयीज के एक समूह ने एचआरडी को 6 अगस्त को भेजा था। इसके 7 दिन बाद उनकी तरफ से एक दूसरा लेटर भेजा गया।

एंप्लॉयीज की शिकायतें स्ट्रेटेजी का हिस्सा

सेबी की तरफ से 4 सितंबर को जारी रिलीज में कहा गया था कि कामकाज की जिस गैरपेशेवर स्थितियों का दावा किया गया है वह गलत है। सेबी की प्रेस रिलीज में कहा गया था कि एंप्लॉयीज की शिकायतें एक स्ट्रेटेजी का हिस्सा हैं, जिसका मकसद ज्यादा बेनेफिट्स हासिल करना है। इनमें हाउस रेंट अलाउन्स (HRA) में वृद्धि, लोअर परफॉर्मेंस रेटिंग्स पर बगैर इंटरव्यू ऑटोमैटिक प्रमोशन जैसी मांगें शामिल हैं। मार्केट रेगुलेटर ने कहा था कि उसने क्वांटिफायड की रिसोर्स एरिया (KRA) के साथ ही अफसरों और टीम के लिए मंथली टारगेट तय करने की पहल की है।

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