Sensex-Nifty closes red: अमेरिका ने ईरान की अर्थव्यवस्था पर शिकंसा कसना तेज कर दिया और ईरान के साथ कारोबार करने वाले देशों को भी चेतावनी दी। इससे मार्केट पर ऐसा दबाव बना कि सेंसेक्स और निफ्टी 50 ने पूरी बढ़त गंवा दी और दिन के आखिरी में लाल बंद हुए। हालांकि ब्रोडर लेवल पर मिला-जुला रुझान दिखा और स्मॉलकैप में शानदार रौनक रही। निफ्टी मिडकैप 100 आज 0.10% कमजोर हुआ तो निफ्टी स्मॉलकैप में 0.81% की मजबूती आई।
सेक्टरवाइज मार्केट को आज प्राइवेट बैंकों और मेटल सेक्टर ने काफी संभालने की कोशिश की जिनके निफ्टी इंडेक्स में 1% से अधिक तेजी आई। हालांकि आईटी सेक्टर में बिकवाली की आंधी भारी पड़ गई और एफएमसीजी और ऑटो सेक्टर ने इसमें साथ दिया। निफ्टी आईटी आज करीब डेढ़ फीसदी तो निफ्टी एफएमसीजी करीब 1% और निफ्टी ऑटो आधे फीसदी से अधिक कमजोर हुआ। इस माहौल में आज BSE पर लिस्टेड कंपनियों का मार्केट कैप ₹83 हजार करोड़ से अधिक गिर गया।
अब इक्विटी बेंचमार्क इंडेक्सेज की बात करें तो आज 26 अगस्त को सेंसेक्स (Sensex) 183.15 प्वाइंट्स यानी 0.24% की गिरावट के साथ 77,472.94 और निफ्टी 50 (Nifty 50) भी 126.80 प्वाइंट्स यानी 0.52% की फिसलन के साथ 24,207.75 पर बंद हुआ है। इंट्रा-डे में सेंसेक्स 330.75 प्वाइंट्स चढ़कर 77,986.84 तक पहुंचा था जिससे यह फिर 513.90 प्वाइंट्स गिरकर 77,472.94 तक आ गया तो दूसरी तरफ निफ्टी भी 44.05 प्वाइंट्स उछलकर 24,378.60 तक पहुंचा था जिससे यह 170.85 प्वाइंट्स टूटकर 24,207.75 तक आ गया और इन्हीं पर बंद हुआ।
डूबे निवेशकों के ₹82.74 हजार करोड़
एक कारोबारी दिन पहले यानी 25 अगस्त 2026 को बीएसई पर लिस्टेड सभी शेयरों का कुल मार्केट कैप ₹4,94,64,258.58 करोड़ था। आज यानी 26 अगस्त 2026 को यह घटकर ₹4,93,81,518.40 करोड़ पर आ गया। इसका मतलब हुआ कि निवेशकों की पूंजी में आज ₹82,740.18 करोड़ की गिरावट आई है।
Sensex के सिर्फ 13 स्टॉक्स ग्रीन
सेंसेक्स पर 30 शेयर लिस्टेड हैं जिसमें सिर्फ 13 ही आज ग्रीन रहे। दिन के आखिरी में आज कोटक बैंक, अल्ट्राटेक सीमेंट और एक्सिस बैंक सबसे अधिक बढ़त के साथ बंद हुए तो दूसरी तरफ इंफोसिस, एयरटेल और एलएंडटी में सबसे अधिक गिरावट रही। नीचे सेंसेक्स पर लिस्टेड सभी शेयरों के लेटेस्ट भाव और आज उतार-चढ़ाव की डिटेल्स देख सकते हैं-
156 शेयर एक साल के हाई पर
बीएसई पर आज 4540 शेयरों की ट्रेडिंग हुई। इसमें 2375 शेयर आज मजबूत हुए तो 1944 में गिरावट रही जबकि 221 में कोई बदलाव नहीं हुआ। इसके अलावा 156 शेयर एक साल के हाई और 90 शेयर एक साल के निचले स्तर पर आ गए। वहीं 11 शेयर अपर सर्किट पर पहुंच गए तो 43 शेयर लोअर सर्किट पर आ गए।
डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।