Share Market Crash: अमेरिका और ईरान के बीच युद्ध की आंच में कच्चे तेल में और उबला आया तो मार्केट में आज भी इसकी आंच महसूस हुई। घरेलू बेंचमार्क इंडेक्सेज सेंसेक्स और निफ्टी में लगातार दूसरे दिन फिसले। एचडीएफसी बैंक (HDFC Bank) जैसे हैवीवेट स्टॉक में गिरावट के चलते इंट्रा-डे में आज सेंसेक्स 300 प्वाइंट्स से अधिक टूट गया तो निफ्टी 50 भी फिसलकर 24150 के नीचे आ गया। हालांकि ब्रोडर लेवल पर रौनक दिखी और स्मॉलकैप स्पेस में अधिक। निफ्टी मिडकैप 100 में आधे फीसदी से थोड़ी कम बढ़त रही तो निफ्टी स्मॉलकैप 100 में आधे फीसदी से थोड़ी अधिक तेजी आई।
इक्विटी बेंचमार्क इंडेक्सेज की बात करें तो निफ्टी की वीकली एक्सपायरी के दिन आज सेंसेक्स (Sensex) 238.41 प्वाइंट्स यानी 0.31% की कमजोरी के साथ 77,470.11 और निफ्टी 50 (Nifty 50) भी 50.80 प्वाइंट्स यानी 0.21% की गिरावट के साथ 24,187.70 पर बंद हुआ है। इंट्रा-डे में सेंसेक्स 371.19 प्वाइंट्स टूटकर 77,337.33 और निफ्टी 102.85 प्वाइंट्स गिरकर 24,135.65 तक आ गया था।
Share Market Crash: ये है वजह
US-Iran War
पश्चिम एशिया (मिडिल ईस्ट) में अमेरिका और ईरान के बीच चल रहा युद्ध अब बेहद खतरनाक और बेकाबू मोड़ पर पहुंच चुका है। अमेरिकी सेना ने सोमवार रात लगातार 10वीं रात ईरान के सैन्य ठिकानों पर विनाशकारी हवाई हमले किया तो दूसरी तरफ ईरानी सेना ने एक बड़ा दावा करते हुए कहा कि उसने बहरीन में स्थित अमेरिकी ई-कॉमर्स और टेक दिग्गज अमेजन के सेंट्रल डेटा इंफ्रास्ट्रक्चर पर कई क्रूज मिसाइलों से हमला कर उसे पूरी तरह नष्ट कर दिया है। इसने मार्केट सेंटिमेंट कमजोर किया है।
FIIs की बिकवाली
विदेशी निवेशकों ने लगातार छठे कारोबारी दिन 20 जुलाई को भारतीय मार्केट में शेयरों की खरीदारी से अधिक बिक्री की। उन्होंने ₹1121.04 करोड़ के शेयरों की नेट बिकवाली की और इन छह दिनों में उन्होंने ₹10,240.8 करोड़ के शेयरों की नेट बिक्री की।
आईटी शेयरों में बिकवाली
सेक्टरवाइज आज मार्केट में सबसे अच्छी रौनक रियल्टी सेक्टर में दिखी जिसके निफ्टी इंडेक्स में 1% से अधिक बढ़त रही। निफ्टी ऑटो में 1% से थोड़ी कम बढ़त रही। वहीं दूसरी तरफ सरकारी बैंकों में बिकवाली का दबाव दिखा और इसका निफ्टी इंडेक्स 0.88% कमजोर हुआ तो निफ्टी आईटी भी आधे फीसदी से अधिक कमजोर हुआ
Nifty की एक्सपायरी
आज निफ्टी के इंडेक्स डेरिवेटिव कॉन्ट्रैक्ट्स की वीकली एक्सपायरी थी। इसका भी असर मार्केट पर दिखा।
